कील यूनिवर्सिटी लंदन के साथ मिलकर हेल्थ इकोनॉमी एंड लीडरशिप मैनेजमेंट कोर्स शुरू कर रही फाॅग्सी
आगरा। फेडरेशन ऑफ आॅब्सटेट्रिक एंड गायनेलाॅजिकल सोसायटी आॅफ इंडिया (फाॅग्सी) की ओर से पॉन्डिचेरी, तमिलनाडु के ओशियन स्काई होटल में 17 से 19 अगस्त तक फाॅग्सी लीडरशिप शिखर सम्मेलन आयोजित किया गया। इसमें स्वास्थ्य बजट और नेतृत्व व्यवस्था पर विशेष रूप से चर्चा की गई। दुनिया भर से आए इस क्षेत्र के विशेषज्ञ इस चर्चा का हिस्सा बने। सम्मेलन से लौटने के बाद फाॅग्सी की अध्यक्ष डॉ. जयदीप मल्होत्रा ने बताया कि कील यूनिवर्सिटी लंदन के साथ मिलकर फाॅग्सी हेल्थ इकोनॉमी एंड लीडरशिप मैनेजमेंट (एचईएलएम) कोर्स शुरू करने जा रही है।
ये होगा इस कोर्स में
इस कोर्स में स्वास्थ्य बजट और नेतृत्व संबंधी समस्त पहलु समाहित किए जा रहे हैं। इसी की रूपरेखा तैयार करने को तकरीबन 200 से अधिक स्त्री रोग विशेषज्ञों को साथ लेकर यह तीन दिवसीय सम्मेलन आयोजित किया गया है। आगरा के वरिष्ठ स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. नरेंद्र मल्होत्रा भी इस सम्मेलन का हिस्सा थे। डॉ. जयदीप और डॉ. नरेंद्र के नेतृत्व में 80 से अधिक डाॅक्टरों को हेल्थ इकोनॉमी एंड लीडरशिप का प्रशिक्षण दिया गया। डॉ. नरेंद्र ने बताया कि पिछले कुछ समय में भारतीय अर्थव्यवस्था विश्व की सबसे तेजी से बढने वाली अर्थव्यवस्था में शुमार हो गई है, लेकिन दूसरी ओर देखें तो आजादी के सात दशक बाद भी देश में स्वास्थ्य क्षेत्र की स्थिति अभी भी चिंताजनक बनी हुई है। हालांकि भारत स्वास्थ्य देखभाल व्यवस्था के क्षेत्र में नवरचनाओं के अवसर तलाश रहा है और इसके लिए साझेदारी की जा रही है।
क्या है एचआईएलएम?
यह एक अभिनव कार्यक्रम है जो आपको स्वास्थ्य बजट और सेवाओं को पूरे विश्व में पहुंचाने से संबंधित है। यह चिकित्सकीय शासन और गुणवत्ता सुधार के बारे में महत्वपूर्ण जानकारियां प्रदान करेगा।
इसमें कौन हिस्सा ले सकते हैं?
बौद्धिक तौर पर उत्सुक स्वास्थ्य सेवा प्रदाता जो स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार की इच्छा रखते हों।