
Agra News:बीते दिनों आगरा पुलिस द्वारा लगातार लग्जरी कार चोरी करने वाले शातिरों की गिरफ्तारी और पूछताछ के बाद पुलिस को काफी अहम जानकारी मिली हैं। वाहन चोर डार्क वेबसाइट्स के जरिए चाइना से टैबलेट जैसी डिवाइस मंगाते थे और इसे कार की प्रोग्रामिंग से जोड़ते ही चिप का लॉक पैटर्न क्रैक कर कार चोरी कर लेते थे। इसके बाद कारों को अन्य राज्यों में ले जाकर बेचा जाता था।
अब तक 16 हो चुके गिरफ्तार
डीसीपी सिटी सूरज राय ने बताया कि आगरा में लग्जरी वाहन चोरी करने वाले गैंग के 16 सदस्य अब तक गिरफ्तार किए जा चुके हैं। इनसे जानकारी मिली है कि टेबलेट के जैसी डिवाइस को यह ऑनलाइन मंगाते थे और उसकी मदद से लग्जरी कारों में लगने वाले माइक्रो चिप लॉक का पैटर्न लॉक तोड़कर कार को स्टार्ट कर फरार हो जाते थे। इस डिवाइस की मदद से कुछ ही मिनटों में लॉक टूट जाता था। डिवाइस का डेमो देखने के बाद साइबर सेल ने जांच की तो पता चला कि ऐसी डिवाइस भारत में नहीं बनती है और इसे डार्क वेब के जरिए चाइना से मंगाया जाता था।
दूसरे राज्यों में बेचते थे वाहन
पहले वाहन चोर मेरठ में कारों को कटवा कर पार्ट्स के रूप में बेचते थे पर अब यह हाईटेक हो गए हैं और कार के नकली दस्तावेज बनाकर उन्हें बिहार, वेस्ट बंगाल और उड़ीसा आदि जगह ले जाकर बेचते हैं। अलग राज्य होने के चलते पुलिस भी अलग होती है और इसके चलते आपसी तालमेल की कमी हो जाती है और कारे आसानी से बिक कर इस्तेमाल होती रहती हैं।