आगरा

जानिए घूसखोरी में फंसे सीबीआई स्पेशल डायरेक्टर राकेश अस्थाना का यूपी कनेक्शन

सीबीआई के विशेष निदेशक राकेश अस्थाना का यूपी के आगरा से है नाता।

2 min read
Oct 24, 2018

आगरा। इन दिनों सीबीआई के दो उच्चाधिकारियों आलोक वर्मा और राकेश अस्थाना के बीच की कलह सबके सामने आ चुकी है। कलह सामने आने के बाद से सीबीआई के स्पेशल डायरेक्टर राकेश अस्थाना की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। घूसखोरी के मामले में एफआईआर के बाद अब सीबीआई ने उन पर फर्जीवाड़े और अन्य गंभीर मामले भी दर्ज कर लिए हैं। राकेश अस्थाना गुजरात कैडर के आइपीएस अधिकारी हैं और उनको प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का खास बताया जा रहा है। लेकिन आपको शायद ही मालूम हो कि राकेश अस्थाना का यूपी के आगरा शहर से भी नाता है। जानिए राकेश अस्थाना के बारे में।

मूलरूप से यूपी के रहने वाले हैं
सीबीआई में विशेष निदेशक के पद पर तैनात राकेश अस्थाना 1984 बैच के गुजरात कैडर के आइपीएस अधिकारी हैं। उनका जन्म 1961 में रांची में हुआ था। लेकिन उनका परिवार मूलरूप से यूपी के आगरा शहर का रहने वाला है। उनके पिता एचआर अस्थाना नेतरहाट स्थित आवासीय विद्यालय में भौतिकी के शिक्षक थे। इसी स्कूल से उनकी भी प्रारंभिक शिक्षा हुई। यहां से मैट्रिक पास करने के बाद उन्होंने रांची के सेंट जेवियर्स कॉलेज से इंटरमीडिएट विज्ञान से पढ़ाई की। वर्ष 1978 में वे दिल्ली चले गए। वहां जेएनयू से उच्च शिक्षा प्राप्त की। इसके बाद रांची के सेंट जेवियर्स कॉलेज में इतिहास पढ़ाना शुरू कर दिया। इसी बीच 1984 में यूपीएससी की परीक्षा दी और पहले ही प्रयास में वे आइपीएस अधिकारी बन गए। उन्हें गुजरात कैडर मिला। वे पहली बार साल 1996 में चर्चा में आए, जब उन्होंने चारा घोटाला मामले में लालू यादव को गिरफ्तार किया।

ऐसे बढ़ीं पीएम मोदी से नजदीकियां
गुजरात के बहुचर्चित गोधरा कांड के दौरान जांच के लिए बनी स्पेशल इनवेस्टिगेशन टीम (एसआइटी) की कमान राकेश अस्थाना ने ही संभाली थी। इन दंगों में गुजरात के तत्कालीन सीएम नरेंद्र मोदी पर भी तमाम तरह के आरोप लगे थे। जानकारी के मुताबिक उस समय एसआइटी ने कोर्ट में कहा था कि कारसेवकों से भरी ट्रेन को सुनियोजित तरीके से आग के हवाले किया गया था। तब अस्थाना पर भाजपा के इशारे पर काम करने के आरोप लगे थे। इसके बाद 26 जुलाई 2008 को उन्होंने अहमदाबाद में हुए बम धमाकों की भी जांच की। इस केस को उन्होंने मात्र 22 दिनों में निपटाकर चार्जशीट पेश कर दी थी। उस समय नरेंद्र मोदी गुजरात के सीएम थे। तब राकेश अस्थाना वडोदरा और सूरत जैसे महत्वपूर्ण जिलों के पुलिस कमिश्नर भी रहे। कहा जाता है कि इस दौरान उनकी नरेंद्र मोदी और अमित शाह से नजदीकी और बढ़ी। यही कारण है कि भ्रष्टाचार के मामले में राकेश अस्थाना का नाम सामने आने के बाद विपक्ष ने पीएम नरेंद्र मोदी को घेरना शुरू कर दिया है।

Published on:
24 Oct 2018 05:01 pm
Also Read
View All