आगरा

शाहजहां की पुत्री ने बनवाई थी ये मस्जिद, मिलता है 70 गुना शबाब

शाहजहां की पुत्री जहांआरा ने आगरा में जामा मस्जिद बनवाई थी। इसके पीछे एक बड़ी वजह थी।
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Jun 16, 2018
Jama Masjid
Jama Masjid

आगरा। शाहजहां की पुत्री जहांआरा ने आगरा में जामा मस्जिद बनवाई थी। इसके पीछे एक बड़ी वजह थी। जानकार बताते हैं कि जहांआरा ने शादी न करते हुए अपने हिस्से में आने वाली दौलत से इस मस्जिद को बनवाया था। मानना ये है कि जामा मस्जिद में नमाज अता करते रहेंगे, तब तक जहांआरा की रूह को कयामत तक 70 गुना शबाब मिलता रहेगा। आज भी शहर में सबसे अधिक इसी मस्जिद पर नमाजियों की भीड़ जुटती है।

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1648 में हुआ इस मस्जिद का निर्माण
जामा मस्जिद का निर्माण 1648 में हुआ था। यह मस्जिद भारत की विशाल मस्जिदों से एक है। इस मस्जिद का निर्माण लाल बलुआ पत्थर से किया गया है और इसे सफेद संगमरमर से सजाया गया है। इसकी दीवार और छत पर नीले रंग के पेंट का प्रयोग किया गया है। इस मस्जिद में लाल बलुआ पत्थर से बने तीन विशाल गुबंद भी हैं। मस्जिद की दीवार में प्रयुक्त टाइल्स को ज्यामितीय आकृति से सजाया गया है। मस्जिद 130 फुट लम्बी एवं 100 फुट चौड़ी है। जामा मस्जिद में लकड़ी एवं ईंट का भी प्रयोग किया गया है।

मस्जिद में सूफी संत का मकबरा
जामा मस्जिद के परिसर में महान सूफी संत शेख सलील चिश्ती का मकबरा भी है। भारतीय मुस्लिम परिषद के मंडल अध्यक्ष इमरान कुरेशी ने बताया कि मस्जिद के नीचे तहखाने में जहांआरा की कब्र बनी हुई है। जिसका 20 वें रमजान पर उर्स मुबारक होता है। जादातर रोजेदार जहांरा की कब्र पर ही रोजा इफ्तार कर मुल्क शहर व देश में अमन भाईचारा कायम रहे इसके लिए दुआ करते हैं।

Published on:
16 Jun 2018 11:58 am