अहमदाबाद

Ahmedabad: चांगोदर में दो गोदामों से 39 करोड़ के पटाखे जब्त, 2 आरोपी गिरफ्तार

लाइसेंसधारक समेत दो नामजद आरोपियों पर एफआइआर दर्ज, शहर के रामोल क्षेत्र में पटाखा फैक्टरी में विस्फोट के बाद जागी ग्रामीण पुलिस, 65,954 कार्टन में रखे थे
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Changodar police
चांगोदर पुलिस की गिरफ्त में आरोपी।

Ahmedabad. शहर के रामोल थाना क्षेत्र में अवैध रूप से चल रही पटाखा फैक्टरी में विस्फोट में 10 लोगों की मौत के बाद की घटना के बाद शहर पुलिस के साथ-साथ जिला पुलिस भी जागी है। अहमदाबाद जिला पुलिस ने पटाखा फैक्टरी और गोदामों में जांच अभियान छेड़ते हुए चांगोदर थाना क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई में दो गोदामों से 39.50 करोड़ से ज्यादा के पटाखों का विशाल जखीरा जब्त किया। नियमों की अनदेखी पर कार्रवाई में दोनों गोदामों से 65,954 कार्टन पटाखे बरामद किए गए।

मामले में लाइसेंसधारक अमितकुमार मोदी और गोदाम के मैनेजर किशन पटेल के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता-2023 की धारा 125 और 288 तथा विस्फोटक अधिनियम-1884 की धारा 9बी(1)(बी), 12 एवं विस्फोटक नियम-2008 के तहत मामला दर्ज किया। इस मामले में इन दोनों को पुलिस ने गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार सोमवार को चांगोदर पुलिस की टीम मटोडा क्षेत्र में गश्त कर रही थी। इसी दौरान मिली विश्वसनीय सूचना पर मोडासर गांव चार रास्ता से अमाथापुरा जाने वाले मार्ग पर स्थित 'अबिका ट्रेड लिंक' नाम के गोदाम में जांच की गई।

लॉबी, शेड में भी रखे थे पटाखे

जांच में करीब 70 गुणा 25 मीटर के दो गोदाम आमने-सामने मिले, इन दोनों में विभिन्न प्रकार के पटाखों से भरे 65954 कार्टन मिले। गोदाम के बाहर बने शेड और लॉबी में भी बड़ी मात्रा में पटाखे रखे गए थे। मौके पर अग्निशमन सिलेंडर, रेत से भरी बाल्टियां और पानी की पाइप तो मिलीं, लेकिन इतने बड़े भंडारण की तुलना में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था पर्याप्त नहीं थी। विशेष रूप से वॉटर स्प्रिंकलर सिस्टम का अभाव पाया गया। पुलिस के अनुसार, इस स्थिति में आग या विस्फोट होने पर मानव जीवन, आसपास के लोगों और संपत्ति को गंभीर खतरा हो सकता था।

लाइसेंस धारक, प्रबंधक को पकड़ा

प्राथमिक जांच में सामने आया कि अमित लाइसेंसधारक एवं व्यवसाय के जिम्मेदार व्यक्ति हैं, जबकि किशन गोदाम के प्रबंधन और स्टॉक की देखरेख कर रहे थे। ऐसे में इन दोनों को पकड़ लिया है। पुलिस अब फर्म की कानूनी संरचना, अन्य जिम्मेदार व्यक्तियों की भूमिका, लाइसेंस की वैध स्थिति, स्वीकृत भंडारण क्षमता, मंजूर नक्शे और सुरक्षा मानकों की भी जांच कर रही है। उल्लेखनीय है कि 18 जुलाई को रामोल पटाखा फैक्टरी में विस्फोट होने के चलते 10 लोगों की मौत हुई है। चार अन्य जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहे हैं।

Updated on:
21 Jul 2026 08:48 pm
Published on:
21 Jul 2026 08:47 pm