मुख्यमंत्री अमृतम योजना के करीब डेढ़ सौ कार्ड भावनगर के बोरतालाब में फेंके मिले हैं। जरूरमंदों को कार्ड सौंपने के बजाय किसी अज्ञात व्यक्ति या एजेंसी की ओर से इन कार्डों को फेंकने की गंभीर लापरवाही को देखते हुए प्रशासन ने इसकी जांच शुरू कर दी है।
राजकोट. गरीब और मध्यवर्ग परिवार के लिए गंभीर बीमारियों के निशुल्क इलाज के लिए सरकार की मुख्यमंत्री अमृतम योजना के करीब डेढ़ सौ कार्ड भावनगर के बोरतालाब में फेंके मिले हैं। जरूरमंदों को कार्ड सौंपने के बजाय किसी अज्ञात व्यक्ति या एजेंसी की ओर से इन कार्डों को फेंकने की गंभीर लापरवाही को देखते हुए प्रशासन ने इसकी जांच शुरू कर दी है। मुख्यमंत्री अमृतम योजना के तहत आर्थिक रूप से कमजोर और मध्यमवर्ग परिवार के लिए उपयोगी इस कार्ड के जरिए गंभीर बीमारियों में पांच लाख रुपए तक के इलाज निजी और आधुनिक हॉस्पिटलों में निशुल्क किया जाता है। कार्ड जरूरतमंदों तक पहुंचाने के बजाए या इसे वापस जमा करने के बोरतालाब में डाल दिया गया था। बताया गया कि कार्ड की प्रतीक्षा में लाभार्थी इसका इंतजार करते हैं, लेकिन लापरवाहीपूर्वक इन सभी को फेंंक दिया गया। कार्ड मिलने की खबर के बाद प्रशासन ने इसकी जांच शुरू कर दी है।