शरीर पर पिटाई के निशान का दावा, उपचार के दौरान सिविल में तोड़ा दम
अहमदाबाद. साबरमती जेल में बंद एक कैदी की हिरासत में मौत की घटना सामने आई है। तबियत बिगडऩे पर उसे सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां सोमवार रात को उसकी मौत हो गई। परिजनों की ओर से मेघाणीनगर पुलिस और साबरमती जेल प्रशासन पर पिटाई करने का आरोप लगाया है। वहीं पुलिस व जेल प्रशासन की ओर से कहा जा रहा है कि मृतक ने बीमारी के चलते दम तोड़ा है। राणीप पुलिस ने फिलहाल आकस्मिक मौत का मामला दर्ज किया है।
मृतक संजय अठवाल के भाई धीरज ने मेघाणीनगर पुलिस और साबरमती जेल प्रशासन पर पिटाई करने का आरोप लगाया है। पिटाई के चलते उसकी मौत होने का आरोप लगाया है। संजय के शरीर पर पिटाई के निशान होने का दावा भी किया है। उसे कोई बीमारी नहीं होने की बात कही।
पुलिस निरीक्षक जे.जी.पटेल ने बताया कि साबरमती जेल में तीन दिन पहले ही लाए गए कैदी संजय अठवाल की सिविल अस्पताल में सोमवार को दौरान मौत हुई है। बीमारी के चलते मौत होने की बात सामने आ रही है। पुलिस और जेल में पिटाई के आरोप को लेकर उन्हें कोई शिकायत नहीं मिली है। आकस्मिक मौत का मामला दर्ज किया है। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। कैदी की मौत की स्थिति में एसडीएम की ओर से पंचनामा किया जाता है। वीडियोग्राफी भी होती है।
मेघाणीनगर थाने के पुलसि निरीक्षक पी.जी.सरवैया ने पिटाई के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि संजय को पांच अक्टूबर को 21 लीटर देशी शराब के साथ गिरफ्तार किया था। ६ अक्टूबर को मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया। उससे पहले स्वास्थ्य जांच भी कराई गई। मजिस्ट्रेट ने भी उससे पूछा था, जिससे परिजनों का पुलिस पर पिटाई का आरोप लगाना बेबुनियाद है। आरोपी को शराब पीने की आदत थी। वह 16 साल से शराब पीता था।उसके विरुद्ध इसी साल प्रोहिबिशन के तीन मामले भीदर्ज हैं। मनपा में सफाई कर्मचारी था। ढक्कन चोरी में नाम सामने आने पर गिरफ्तारी भी हुई। उसे २०१५ में पासा भी हुई थी।
उधर जेल प्रशासन की ओर से भी पिटाई के आरोप को खारिज किया गया है। किसी बीमारी के चलते मौत की बात कही है।