प्रदेशभर में निकाले ताजिया जुलूस, अखाड़ेबाजों ने दिखाए करतब
अहमदाबाद. इस्लाम धर्म के पैगंबर हजरत मोहम्मद के दोहिते हजरत इमाम हुसैन तथा उनके साथियों की शहादत की याद में मनाए जाने वाले मोहर्रम पर शुक्रवार को राज्यभर में जगह-जगह ताजियों का जुलूस निकाला गया। मातमी दस्तों के साथ निकाले गए जुलूस का जगह-जगह स्वागत किया गया। देर शाम ताजियों को ठंडा किया गया। इस दौरान सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए गए थे। जुलूस में शामिल अखाड़ेबाजों ने हैरजअंगेज करतब दिखाए।
अहमदाबाद में ताजिया कमेटी की ओर से निकाले गए चार मुख्य जुलूस लालदरवाजा स्थित बिजली घर के पास एक महाजुलूस में तब्दील हो गए और शाम को ताजियों को साबरमती नदी के तट पर ठंडा किया गया। जुलूस में 93 ताजिये, २४ अखाड़े, ७ ऊंटगाडिय़ां, २4 मोटर ट्रक, 1४ अलम निशान, १० मातमी दस्ते और 74 ढोल-नगाड़े शामिल थे। इससे पहले दोपहर बारह बजे शहर के विभिन्न इलाकों कालूपुर, जमालपुर, कारंज, मिर्जापुर, रखियाल, शाहआलम, बापूनगर और सारंगपुर में मन्नत ताजिये निकाले गए। ताजिया जुलूस को लेकर शहर में व्यापक सुरक्षा बंदोबस्त किए गए।
अहमदाबाद ताजिया कमेटी के अध्यक्ष रफीक नगरी व महासचिव हबीब मेव के अनुसार शहर की एकता व शांति समिति की ओर से जुलूस का बिजलीघर के निकट स्वागत किया गया। इस मौके पर जगन्नाथ मंदिर के महंत दिलीपदास महाराज व शहर के अन्य अग्रणियों ने स्वागत किया।
जामनगर के गणेश मंडलों ने भी किया स्वागत :
जामनगर. दोपहर को जौहर की नमाज के बाद चांदी के ताजिया की अगुवाई में जुलूस निकाला गया। इस वर्ष गणेशोत्सव एवं मोहर्रम एक साथ होने से शहर में चांदी बाजार व गोवाळ की मस्जिद के निकट गणेश मंडलों की ओर से जुलूस का स्वागत किया गया। कलात्मक ताजियों को देखने के लिए बड़ी संख्या लोग उमड़े।
प्रदेशभर में शांतिपूर्ण ढंग से निकले ताजिये जुलूस :
इसी प्रकार राजकोट, वडोदरा, आणंद, खेड़ा सहित प्रदेशभर में शांतिपूर्ण माहौल में ताजिया जुलूस निकाले गए। जुलूस के दौरान जगह-जगह कौमी एकता का माहौल देखने को मिला।