
राजकोट. शहर के कालावड रोड पर मटुकी रेस्टोरेंट के पीछे बापा सीताराम नगर में रहने वाली ब्यूटी पार्लर संचालिका गीता वाजा की हत्या की गुत्थी आखिरकार क्राइम ब्रांच ने सुलझा ली। महिला के घर से लगी पीछे की दीवार के पास रहने वाले मूल रूप से उत्तर प्रदेश के आगरा के दो सगे भाइयों को गिरफ्तार किया गया है। हत्या के बाद दोनों ने घर से 40 हजार रुपए नकद लूटे थे।
यूनिवर्सिटी पुलिस ने मृतका गीता के पति किशोर वाजा की शिकायत के आधार पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। किशोर और उनका पुत्र आशीष अलग-अलग सैलून की दुकानों में रहते हैं, जबकि गीता अकेली रहती थीं। उनका एक अन्य पुत्र जीतू वडोदरा में रहता है।
16 सितंबर की रात हत्या से पहले आशीष अपनी मां के यहां से टिफिन लेकर गया था। अगले दिन 17 सितंबर की सुबह जब वह खाली टिफिन देने घर पहुंचा, तब उसे मां का हत्या किया हुआ शव मिला।
क्राइम ब्रांच को मिली जानकारी के आधार पर के घर के पीछे एक ही दीवार से सटे मकान में रहने वाले उत्तर प्रदेश के आगरा निवासी दो सगे भाइयों रामनरेश जाटव और सनी जाटव को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई।
विशेष तरीके से पूछताछ मेंं आखिरकार दोनों भाइयों ने लूट के इरादे से हत्या करने की बात कबूल कर ली। करीब एक महीने पहले ही दोनों भाई आगरा से यहां कैटरिंग का काम करने आए थे। उन्होंने गांव के सरपंच से कैटरिंग व्यवसाय के लिए दो लाख रुपए का कर्ज लिया था और उसकी किस्तें बकाया हो गई थीं। रुपए की जरूरत होने के कारण दोनों ने अपने घर के पीछे रहने वाली गीता के घर में चोरी या लूट करने की योजना बनाई।
योजना के तहत दोनों 16 सितंबर की रात वहां पहुंचे। आवाज होने पर महिला जाग गईं। दोनों ने उनसे रुपए मांगे, लेकिन रुपए देने से इनकार करने पर कैटरिंग के काम में सब्जियां काटने के लिए इस्तेमाल होने वाले चाकू से उन पर हमला कर दिया। गले सहित शरीर के अन्य हिस्सों पर वार कर उनकी हत्या कर दी और घर में रखे 40 हजार रुपए नकद लूट लिए।
हत्या के बाद दोनों आराम से अपने घर लौट गए। कपड़ों पर खून लगा होने के कारण उन्होंने अपने घर की छत पर जाकर उन कपड़ों को जला दिया। हत्या में इस्तेमाल चाकू को भी उन्होंने छिपा दिया था, जिसे पुलिस ने बरामद कर लिया। दोनों भाइयों में से रामनरेश पहले भी उत्तर प्रदेश में चोरी और पॉक्सो के मामलों में पकड़ा जा चुका है।