
जामनगर. राज्य के जूनागढ़, जामनगर जिले में शनिवार शाम तक पिछले 24 घंटे में वॉटर पार्क व स्विमिंग पूल के पानी में डूबने से दो बच्चों की मौत हो गई। इन घटनाओं ने रिसॉर्ट संचालकों के सुरक्षा इंतजामों और प्रशासन की निष्क्रियता पर कई सवाल खड़े किए हैं।
पहली घटना में भावनगर निवासी एक परिवार गिर सोमनाथ जिले के वेरावल में मामा के घर आया था। वहां से शनिवार दोपहर माता-पिता और रिश्तेदार जूनागढ़ जिले की मालिया हाटीना तहसील के किंगडम वॉटर पार्क में नहाने गए थे। वाटर पार्क गहरे पानी में डूबने से करीब 8 साल के एक बच्चे की मौत हो गई। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों और मृतक के परिजनों में शोक के साथ काफी रोष है। हादसे के बाद वाटर पार्क संचालकों की बड़ी लापरवाही सामने आई। वाटर पार्क और होटल के सामने की जमीन सरकारी चरागाह है। वाटर पार्क के ऊपर से हाईटेंशन बिजली की लाइनें गुजरने के बावजूद इसे मंजूरी मिलना जांच का विषय बताया जा रहा है। आरोप है कि प्रत्येक विजिटर्स से 500-700 रुपए वसूलने के बावजूद कोई टिकट जारी नहीं किया जाता। राइड्स के लिए जरूरी सेफ्टी लाइसेंस और फायर सेफ्टी उपकरण की कथित कमी है।
वहीं, जामनगर-राजकोट हाईवे पर जांबूडा पाटिया के पास एक हॉलिडे रिसॉर्ट में परिजनों के साथ गए परमार परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। जामनगर का 9 साल का बालक हर्ष किरीट परमार शुक्रवार शाम करीब 5:30 बजे परिजनों के साथ रिसॉर्ट में गया था। रिसॉर्ट के स्विमिंग पूल में नहाते समय बालक पानी के गहरे हिस्से में डूब गया। उसके फेफड़ों में पानी भर जाने से वह स्विमिंग के अंदर बेहोश हो गया। काफी कोशिश के बाद परिजनों ने उसे बाहर निकाला और जामनगर के सरकारी जीजी अस्पताल ले गए, चिकित्सकों ने बालक को मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर सिटी ए डिवीजन पुलिस का काफिला मौके पर पहुंचा। पुलिस ने रिसॉर्ट के सभी सरकारी कागज़ात और सीसीटीवी फुटेज अपने कब्जे में ले लिए। इस बात की जांच शुरू की गई है कि स्विमिंग पूल पर कोई लाइफगार्ड मौजूद था या नहीं और रिसॉर्ट प्रबंधन की लापरवाही क्या थी।