मैनपुरी

मादक पदार्थ के बाद अब देहव्यापार गिरोह ने अजमेर में पसारे पांव

मादक पदार्थ की तस्करी के लिए मुफीद समझा जाने वाला अजमेर शहर अब अंतरराज्यीय देहव्यापार के दलालों की नजरों में चढ़ गया है। अब तक यहां कई मामले पकड़े हैं।
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Dec 09, 2016
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मादक पदार्थ की तस्करी के लिए मुफीद समझा जाने वाला अजमेर शहर अब अंतरराज्यीय देहव्यापार के दलालों की नजरों में चढ़ गया है।

अब तक यहां कई मामले पकड़े हैं। पुलिस ने गुरुवार क्रिश्चियनगंज थाना क्षेत्रांतर्गत लोहागल में एक मकान में दबिश देकर वेश्यावृत्ति में लिप्त पश्चिम बंगाल की दो युवतियों के साथ चार दलालों को गिरफ्तार किया। यह गिरोह देशभर में देहव्यापार में सक्रिय है।

लोहागल स्थित एक किराये के मकान में देह व्यापार किए जाने की सूचना पर एक कांस्टेबल को बोगस ग्राहक बनाकर भेजा। सिपाही से सौदा तय होने के बाद पुलिस टीम ने मकान में दबिश दी। यहां असम के दरंग टांगल निवासी कुमार प्रधान, गुजरात जूनागढ़ छाया बाजार निवासी विपुल भाई, नसीराबाद लच्छीपुरा निवासी प्रीतमसिंह रावत और क्लॉक टावर क्षेत्र में श्रीटाकीज के पास रहने वाले प्रकाश उर्फ गोलू के साथ दो युवतियों को गिरफ्तार किया।

कुमार प्रधान, विपुल भाई राजस्थान, दिल्ली, गुजरात, उत्तर प्रदेश सहित गोवा तक देहव्यापार में लिप्त युवतियों की सप्लाई करते हैं। पुलिस ने पीटा एक्ट में कार्रवाई करते हुए मामले की गहनता से पड़ताल में जुटी है।

कार और नकदी बरामद

प्रीतम और प्रकाश उर्फ गोलू अजमेर में युवतियों को सप्लाई करने का काम करते है। गोलू धार्मिक नगरी पुष्कर की होटल में युवतियों की सप्लाई करता है।

इसकी एवज में उन्हें भी कमीशन मिलता था। पुलिस ने लोहागल स्थित मकान से विपुल की कार के साथ अच्छी खासी रकम बरामद की है।

दो दिन पहले जमाया डेरा

प्रारंभिक पड़ताल में मालूम हुआ कि गिरोह का सरगना कुमार प्रधान दोनों युवतियों को लेकर दो दिन पहले अजमेर आया था।

उसने लोहागल में प्रीतमसिंह रावत और गोलू के मार्फत मकान किराए पर लिया। यहीं उसकी मुलाकात विपुल से हुई। विपुल ने बुधवार को ही दो युवतियां एक व्यवसायी की डिमांड पर ब्यावर भी भेजी थी।

Published on:
09 Dec 2016 07:22 am