अजमेर

भक्ति में शक्ति. . .उम्र 70 पार, रोज चार सौ सीढि़यां चढ़कर करते हैं महादेव का दीदार

झरनेश्वर महादेव- पहाड़ी पर स्थित मंदिर में प्रतिदिन जाते हैं शहर के कई बुजुर्गवार
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Jul 10, 2023
झरनेश्वर महादेव
झरनेश्वर महादेव

अजमेर. प्रभु भक्ति हौसला भी देती है और शक्ति भी। इसके जीते-जागते उदाहरण झरनेश्वर महादेव पर रोज देखे जा सकते हैं। यहां 70-75 साल के बुजुर्ग हर-हर महादेव बोलते हुए प्रतिदिन करीब चार सौ सीढि़यां चढ़-उतर जाते हैं।

दिनचर्या बदली, यहां आना बरकरार. . .

जुगल खण्डेलवाल 11 साल पहले सरकारी सेवा से रिटायर्ड हुए। उसके बाद दिनचर्या तो बदली, लेकिन सावन में रोज झरनेश्वर आना नहीं बदला। उन्होंने बताया कि दादाजी नारायण खण्डेलवाल झरनेश्वर आते थे। पिता चंद्रभान भी हर सावन में आने लगे। अब वे स्वयं पूरे सावन झरनेश्वर आते हैं। बेटे भी झरनेश्वर महादेव के दर्शन करने आते हैं।

किशोर वय से ही जुनून

रतन माहेश्वरी पर किशोरावस्था में ही महादेव की भक्ति का रंग चढ़ गया था। 1970 से झरनेश्वर महादेव आने लगे। वे बताते हैं कि हर सोमवार को महादेव दर्शन से ही दिन शुरू करते हैं। पूरे सावन सुबह 4 बजे झरनेश्वर की सीढि़यां चढ़ना शुरू कर देते हैं। महादेव का शृंगार करना उन्हें काफी पसंद है। अब पुत्र विमलेश भी उनके साथ जाता है।

युवावस्था से ही आ रहे. . .

करीब 74 वर्ष के सुभाष बंसल युवा अवस्था से झरनेश्वर महादेव के जा रहे हैं। आज भी सावन की सुबह झरनेश्नवर महादेव की सीढि़यां चढ़ने के साथ ही शुरू होती है। सुबह के दो-तीन घंटे महादेव की आराधना के नाम ही रहते हैं। सत्यनारायण सोनी, नंदकिशोर तिवाड़ी कई ऐसे साथी हैं जिनसे सुबह की मुलाकात झरनेश्वर पर ही होती है।

Updated on:
10 Jul 2023 12:11 pm
Published on:
10 Jul 2023 12:11 pm