
अंतरराष्ट्रीय कृष्ण भावनामृत संघ (इस्कॉन) अजमेर की ओर से राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड सभागार में शनिवार को गीता जयंती महोत्सव मनाया गया। कार्यक्रम के प्रारंभ में हरे कृष्णा हरे रामा संकीर्तन किया गया। चैतन्य चरण प्रभु ने बताया कि श्रीमद भगवत गीता की शिक्षाओं को दैनिक जीवन में अपनाकर व्यक्ति समस्त प्रकार के दुर्गुणों से मुक्त हो जाता है। भगवत गीता सभी ग्रंथों का सार है। इस मौके पर गीता ध्यानम व गीता महात्म्य से प्रारंभ हुआ। सैकड़ों भक्तों ने एकसाथ संपूर्ण भगवद्गीता के अठारह अध्यायों का करीब 3 घंटे पाठ किया। श्यामानंद प्रभु ने भगवत गीता का महात्म्य एवं गीता आधुनिक जीवन में प्रासंगिकता की जानकारी दी। इस अवसर पर इस्कॉन भक्तों ने भगवान के भजनों पर कई गीत गाएं। पूरा सभागार संकीर्तन से गूंज उठा। राधा माधव की आरती में भक्तों ने उत्साहपूर्वक शिरकत की।
अंतरराष्ट्रीय कृष्ण भावनामृत संघ (इस्कॉन) अजमेर की ओर से राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड सभागार में शनिवार को गीता जयंती महोत्सव मनाया गया। कार्यक्रम के प्रारंभ में हरे कृष्णा हरे रामा संकीर्तन किया गया।