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अजमेर.
पुष्कर रोड रीजनल कॉलेज करोड़ों रुपए खर्च कर विकसित की गई चौपाटी/ पाथ वे को चूहे नुकसान पहुंचा रहे हैं। चूहों के कारण चौपाटी पर लगे पाम के कई पेड़ भी सूख गए हैं। चूहों ने इनकी जड़ों में बिल बना लिए हैं। चौपाटी पर घूमने के लिए आने वाले लोग भी इन बिलों में ब्रेड, आटा तथा बिस्कुट आदि डालकर इन्हें बढ़ावा दे रहे हैं।
एडीए ने हजारों रुपए खर्च कर दो साल पहले यहां पेड़ लगावाए थे। चूहों ने चौपाटी पर जगह-जगही खुदाई कर पानी निकासी के लिए बनाई गई नाली में मिट्टी भर दी है। चूहों की खुदाई के कारण चौपाटी पर गड्ढे भी हो गए है तथा चौपाटी पर जगह-जगह लगाई गई टाइल्स भी उखड़ गई है। चौपाटी का पानी आना सागर में डालने के लिए लगाए गए पाइपों के जरिए भी चूहे चौपाटी पर आ रहे हैं
चौपाटी पर कचरे के ढेर
लोग का पुण्य कमाने के फेर में मछलियों को आटा व बे्रड डाल रहे हैं लेकिन यह मछलियों के नुकसानदायक है। ब्रेड व आटे की पॉलीथीन भी आनासागर झील में फेंक रहे हैं। इससे झील में प्रदूषण फैल रहा है।
इसके अलावा भी लोग टूटी मूर्तियां, पूजा सामग्री भी पॉलीथीन में बांधकर आनासागर में डाल रहे हैं। रीजनल कॉलेज चौपाटी के अलावा बड़ी संख्या में दौलत बाग बरादरी पर भी रोक बावजूद लोग बे्रड व आटा मछलियों को डाल रहे है। आटा व ब्रेड बेचने वाले दिन भर बारादरी व मुख्यद्वार पर दुकान लगाए रहते हैं।
शाम को लगता है ठेलों का जमावड़ा
चौपाटी का क्षेत्र नो वेंडिग जोन है। लेकिन इसके बावजूद शाम को बड़ी संख्या में चाट पकौड़ी आदि के ठेले वाले यहां जमावड़ा लगा लेते हैं। खाद्य सामग्री व कूड़ कचरा इधर-उधर फेंक दिया जाता है।