
अजमेर.
राष्ट्रीय पुस्तक न्यास और जिला प्रशासन के संयुक्त तत्वावधान में आजाद पार्क में राष्ट्रीय पुस्तक मेला जारी है। इस दौरान कार्यक्रम भी हो रहे हैं। साहित्यकार पद्श्री डॉ. सी. पी.देवल ने कहा कि भाषा और पुस्तकें मनुष्य का सबसे बड़ा और बेहतरीन उत्पाद हैं। पुस्तक हमारे समाज का पवित्र ग्रन्थ हैं। भारत में पुस्तक को गुरु का दर्जा दिया गया है। पुस्तकें हमारी मित्र है इसका कोई दूसरा विकल्प नहीं।
आत्मा से सीधा संबंध
पुस्तक का सीधा संबंध आपकी आत्मा से होता है। भाषा का सौंदर्य ही शाब्दिक क्रांति को जन्म देता है। शब्द ही साहित्य को परिर्माजित करता है। देशों के मानवीय गुणों को जोडऩे में पुस्तक ही सक्षम है। मेले में दो वृत्त चित्र भी लोर्कापित किए गए। जिला कलक्टर विश्व मोहन शर्मा ने कहा कि पुस्तकें हमारे जीवन का बेहतरीन पक्ष है। आज सोशल मीडिया से नई पीढ़ी जुड़ी हुई है लेकिन जो एहसास किताबों से होता है वह इंटरनेट के माध्यम से कभी भी नहीं होता। पुस्तकें मनुष्य का तनाव भी दूर करती है।
पुस्तकों का बहुत महत्व
लेखक डॉ.नंद भारद्वाज ने कहा कि पुस्तकों का अपना महत्व है ये हमें मानवीय बनाती हैं। लोकसभा चुनाव के लिए नियुक्त पर्यवेक्षक केदारनाथ सिंह ने कहा कि हम अपने जीवन में पुस्तक को अपना मित्र बना लें। देश विदेश के प्रख्यात लेखकों की हजारों किताबें पुस्तक मेले में उपलब्ध है। वातानुकूलित परिसर में आयोजित हो रहे इस मेले में किताबें बेहद सस्ते दामों पर और 10 प्रतिशत छूट के साथ विक्रय के लिए उपलब्ध हैं।
नेशनल बुक ट्रस्ट, इंडिया की ओर से राष्ट्रीय बाल साहित्य केंद्र अनुभाग के वरिष्ठ संपादक मानस रंजन महापात्र ने धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम में एडीए आयुक्त निशांत जैन, जिला परिषद के सीईओ गजेंद्र सिंह राठौड़,एडीएम आनंदी लाल वैष्णव,मृदुल सिंह, जिला विधिक प्राधिकरण के शक्ति सिंह, सहायक कलक्टर तेजस्वी राना आदि सहित शहर के साहित्य प्रेमी उपस्थित रहे।