अजमेर

सदियों से अजमेर की पहचान है यह नदी, खुद ही खोज रही अपनी पहचान

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Updated: 6 Nov 2018, 8:52 AM IST
danger on river route
danger on river route

अजमेर.

फाई सागर को आना सागर से जोड़ रही बांडी नदी में अतिक्रमी एक बार फिर सक्रिय हो गए है। आचार संहिता का फायद हुठाते हुए अतिक्रमी बेखौफ मकान निर्माण कार्य में जुट गए हैं। अतिक्रमण की शिकायत पर अजमेर विकास प्राधिकरण की टीम पहुंची तो ग्राम बोराज के खसरा नम्बर-2 की भूमि जो कि प्राधिकरण स्वामित्व की बांडी नदी मे है वहां नींव खोदकर मौके पर निर्माण कार्य होता पाया गया।

एडीए की मौका रिपोर्ट के दौरान कोई अतिक्रमी सामने नहीं आया। हल्का पटवारी गिरधारी जांगिड़ ने प्राधिकरण स्वामित्व की भूमि से तुरंत अतिक्रमण हटाने के लिए उपायुक्त एन.एल.राठी को रिपोर्ट सौंपी है।

अब तक 48 अतिक्रमण चिन्हित
फाइसागर का ओवर फ्लो बरसाती पानी करीब तीन किलोमीटर लम्बी बांडी नदी के जरिए आना सागर तक पहुंचता है। यह नदी आर.के.पुरम, ज्ञान विहार, बोराज सहित अन्य कोनियों के पास से होती हुई आना सागर में मिलती है। नाग पहाड़ का बरसाती पानी भी बहकर इसमें आता है। लम्बे समय से फाइसागर ओवर फ्लो नहीं होने के कारण नदी सूखी पड़ी पड़ी है।

इसका फायदा उठाते हुए अतिक्रमण नदी भूमि तथा प्रवाह क्षेत्र में अतिक्रमण कर रहे हैं। बड़ी संख्या में अवैध मकान, दुकान गोदाम तथा फैक्ट्री का निर्माण कर लिया गया है। एडीए ने अब तक 48 अतिक्रमण चिन्हित करते हुए नोटिस जारी कर दिए हैं।

नदी की भूमिका मापजोख भी कर लिया है। एडीए के नोटिस मिलने के बाद अतिक्रमण रूक गएथे लेकिन अब चुनाव की आचार संहिता लागू होने के बाद अतिक्रमी एक बार फिर शुरु हो गए हैं।

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