Rajasthan News: वाहिद मोहम्मद को 2012 में तत्कालीन महिला पार्षद शाहिदा परवीन से मारपीट के मामले में अपील खारिज होने के बाद गिरफ्तार कर लिया गया। दरगाह थाना पुलिस ने उसे जोधपुर स्थित ससुराल से पकड़कर अदालत में पेश किया, जहां से न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया।
Former Councilor's Son Wahid Mohammad Arrested: अजमेर नगर निगम के वार्ड 4 की तत्कालीन महिला पार्षद शाहिदा परवीन से मारपीट के प्रकरण में पूर्व महिला पार्षद के पुत्र और अजमेर उत्तर विधानसभा ब्लॉक अ के अध्यक्ष वाहिद मोहम्मद को दरगाह थाना पुलिस ने गुरूवार को गिरफ्तार कर लिया।
उसे मुंसिफ अदालत ने छह वर्ष पूर्व मारपीट के आरोप में दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई थी। आरोपी आदेश की अपील खारिज होने पर गिरफ्तारी के डर से जोधपुर में अपनी ससुराल भाग गया। पुलिस ने उसे अदालत में पेश किया। जहां से उसको न्यायिक अभिरक्षा में भेजने के आदेश दिए गए।
पुलिस के अनुसार दरगाह, अन्दर कोट, अंजुमन गली निवासी वाहिद मोहम्मद को जोधपुर से गिरफ्तार किया। वाहिद मोहम्मद को 2012 में नगर निगम की वार्ड 4 की तत्कालीन महिला पार्षद शाहिदा परवीन से मारपीट के मामले में अदालत ने 2020 में विभिन्न धाराओं में एक माह का कारावास व अर्थदंड से दंडित किया था। आरोपी वाहिद मोहम्मद ने आदेश के खिलाफ सेशन न्यायालय में अपील की। अदालत ने 21 जनवरी 2026 को अपील खारिज करते हुए मुंसिफ अदालत के फैसले को यथावत रखा।
पड़ताल में सामने आया कि दरगाह थाना पुलिस ने आरोपी के सजा वारन्ट बिना तामील किए लौटाए। इसी दौरान वाहिद मोहम्मद ने खारिज अपील की नकल के लिए स्वयं प्रार्थना पत्र लगा दिया। पुलिस की वारंट तामीली को लेकर कार्यशैली ने मामले में सवाल खड़े कर दिए। अदालत ने सख्ती दिखाते हुए दरगाह थाना पुलिस को आरोपी वाहिद मोहम्मद को गिरफ्तार कर अदालत के समक्ष पेश करने के आदेश दिए।
उधर अदालत के आदेश की आरोपी वाहिद मोहम्मद को भनक लग गई। वह अपने ससुराल जोधपुर जाकर बैठ गया। कोर्ट के सख्त रवैये पर थानाप्रभारी दिनेश जीवनानी ने 13 फरवरी को गिरफ्तारी वारंट तामील कराने के लिए त्रिपोलिया गेट चौकी प्रभारी एएसआई हुकमाराम सारण के नेतृत्व में हैडकांस्टेबल कालूराम, सिपाही राकेश, रामकुमार और रामसिंह की टीम का गठन किया। पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए गुरूवार को आरोपी को जोधपुर से गिरफ्तार कर लिया।
वारंटी वाहिद मोहम्मद को जोधपुर से पकड़ा। उसको गुरुवार शाम को अदालत में पेश किया। जहां से उसको न्यायिक अभिरक्षा में भेजने के आदेश दिए।
हुकमाराम सारण, एएसआई दरगाह थाना