मृतक की मां को बेटे के मोबाइल फोन में मिले ऑडियो-वीडियो-डिजिटल सबूतों के आधार पर 7 माह बाद दर्ज करवाया मुकदमा
अजमेर(Ajmer News). नसीराबाद रोड स्थित निजी विद्यालय के दसवीं कक्षा के छात्र के आत्मदाह के मामले में सात माह बाद मां ने शिक्षकों और सहपाठियों पर आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाया है। पीडि़ता के आरोप पर गंज थाना पुलिस ने विद्यालय के प्रिंसिपल, शिक्षिक व सहपाठी के खिलाफ आत्महत्या का दुष्प्रेरण का मुकदमा दर्ज कर पड़ताल शुरू की है।
फॉयसागर रोड हाथीखेड़ा निवासी शारदा देवी रावत ने रिपोर्ट में बताया कि उसका पुत्र जीवन नसीराबाद रोड आदर्शनगर स्थित निजी विद्यालय में दसवीं कक्षा में अध्ययनरत था। 9वीं कक्षा के बाद स्कूल प्रिंसिपल समेत शिक्षक-शिक्षिकाओं ने उसे बुलाकर बेटे को संस्था के दूसरे स्कूल में पढ़ाने को कहा। जबकि उसने उसके बेटे की पूरे सत्र की स्कूल फीस जमा करवा दी थी। इसके बावजूद उस पर पुत्र की टीसी लेने का दबाव बनाया जाता रहा। इनकार करने पर शिक्षिकों ने उसके पुत्र को परेशान करना शुरू कर दिया। जिनके उसके पुत्र के मोबाइल फोन में नम्बर थे।
पीडिता शारदा देवी ने बताया कि उसे पुत्र के मोबाइल में कुछ ऑडियो, वीडियो और फोटो मिले। इसमें 24-25 फरवरी के आसपास एक छात्र व उसके 6-7 साथी पुत्र को ब्लैकमेल कर रहे हैं। ऑडियो रिकॉर्डिंग में आरोपी उसके बेटे को धमकाते सुनाई दे रहे हैं। वीडियो में आरोपी उसके बेटे से मारपीट कर महंगे फोन की डिमांड व 50 हजार रूपए ले रहे हैं। डेढ़ लाख रुपए की डिमांड का ऑडियो भी है।
गत 29 फरवरी को हाथीखेड़ा निवासी जीवन सिंह रावत ने संदिग्ध हालात में आत्मदाह के बाद चौदह दिन बाद 13 मार्च को अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया था। सात माह बाद मृतक की मां शारदा देवी ने बेटे के मोबाइल फोन में मिले ऑडियो, वीडियो और फोटो के आधार पर कार्रवाई की मांग की है।