अजमेर

अजमेर में पहाड गिरा, रास्ता जाम

(Heavy Rain)ताराशाह बाबा की मजार भी मलबे से दबी. विद्युत खम्भे गिरे, पेयजल लाइ्र भी क्षतिग्रस्त
2 min read
• •
Updated: 17 Aug 2019, 3:43 PM IST
Haevy  Rain
अजमेर में पहाड गिरा, रास्ता जाम

अजमेर (Ajmer). अजमेर में लगातार 21 घंटे हुई बारिश (Rain)के चलते दरगाह सम्पर्क सड़क पर पहाड़ (Hill)का हिस्सा गिर (Collapse)गया। गनीमत रही कि संपर्क सड़क पर बारिश के चलते ना तो कोई मुसाफिर था ना कोई वाहन, वरना गंभीर हादसा हो जाता। पहाड़ का हिस्सा गिरने के बाद वहां बनी ताराशाह बाबा की मजार भी पहाड़ के मलबे से दब गई। वहीं विद्युत पोल गिर गए। लोगों ने डिस्कॉम में फोन पर संपर्क कर विद्युत सप्लाई रुकवाई।

शहर (City) में शनिवार को भी लगातार बारिश (Rain)जारी रहने के दौरान सुबह नागफणी से दरगाह तक बनी सम्पर्क सड़क पर पहाड़ का एक हिस्सा भरभरा कर गिर गया। हालांकि सम्पर्क सड़क पर बारिश के चलते लोगों की आवाजी कम थी। इससे कोई गंभीर हादसा नहीं हुआ। संपर्क सड़क पर पहाड़ का हिस्सा गिरने से रास्ता बंद हो गया। ताराशाह बाबा की मजार पहाड़ के मलबा के नीचे दब गई। विद्युत के खम्भे गिरने से करंट का खतरा उत्पन्न हो गया, इसके बाद आसपास के लोगों ने तुरंत डिस्कॉम व टाटा पावर को सूचना कर बिजली सप्लाई बंद करवाई, जिससे कोई जनहानि नहीं हुई। ्रसी तरह पानी की पाइप लाइन भी क्षतिग्रस्त हो गई।

कोटड़ा (Kotra)में मकान की गिरी पटटियां, मकान खाली होने से जनहानि नहीं

कोटड़ा में पूर्व पार्षद कमल बैरवा के मकान के सामने बने क्वाटर्स में एक मकान की पट्टियां गिर गई, हालांकि किसी तक की जनहानि नहीं हुई। मकान सूना पड़ा होने से किसी तरह का नुकसान नहीं हुआ। मकान की पट्टियां गिरने के चलते चूना व मलबा पास के मकान में गिरा। पड़ौसी राजू सैनी ने बताया कि पट्टियां गिरने की आवाज से आसपास के लोगों में दहशत पैदा हो गई।

बालूगोमा गली के पास गिरा मकान

आगरा गेट के पास बालूगोमा गली में भी एक पुराना व जर्जर मकान का हिस्सा भरभरा कर गिर गया। हालांकि किसी तरह की जनहानि नहीं हुई।

मित्तल हॉस्पिटल में गिरा छत का प्लास्टर, हादसा टला

पुष्कर रोड स्थित मित्तल हॉस्पिटल के रिस्पेशन हॉल में सुबह बारिश के बाद छत का प्लास्टर गिर गया। अस्पताल में मरीजों एवं परिजन की संख्या अधिक थी मगर प्लास्टर गिरने वाले स्थान की नीचे किसी व्यक्ति के नहीं होने से कोई गंभीर हादसा नहीं हुआ। जबकि रिस्पेप्शन हॉल में मरीज एवं परिजन काफी संख्या में मौजूद थे। घटना के बाद अस्पताल प्रबंधन की देखरेख में कर्मचारियों ने मलबा आदि हटवाया।

Published on: