अजमेर

पुष्कर-मेड़ता रेलवे लाइन जुड़े तो घटे मेवाड़-मारवाड़ की दूरियां

व्यापार और धार्मिक पर्यटन को मिल सकता है बढ़ावा, पश्चिमी राजस्थान के साथ खुलेगा रोजगार का द्वार
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Feb 03, 2024
पुष्कर-मेड़ता रेलवे लाइन जुड़े तो घटे मेवाड़-मारवाड़ की दूरियां
पुष्कर-मेड़ता रेलवे लाइन जुड़े तो घटे मेवाड़-मारवाड़ की दूरियां

चन्द्र प्रकाश जोशी
अजमेर. पश्चिमी राजस्थान को जोड़ने के लिए पुष्कर-मेड़ता रेलवे लाइन कारगर साबित होगी। बरसों से पुष्कर से मेड़ता लाइन जोड़ने की मांग के बाद रेलवे की ओर से तकमीना भी बना और मंजूरी भी मिल गई, लेकिन अभी तक इसका कार्य तेजी से आगे नहीं बढ़ पाया है। पुष्कर एवं मेड़ता के मध्य रेलवे लाइन बिछने से मेवाड़ एवं मारवाड़ की दूरियां भी घट जाएंगी।
धार्मिक नगरी पुष्कर रेलवे स्टेशन से मेड़ता लाइन शुरू होने से धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है, वहीं बिजनेस भी बढ़ेगा। इस लाइन के बनने के बाद समय एवं धन की बचत होगी। आवागमन के साथ मालभाड़े के रूप में भी व्यापारियों, किसानों को राहत मिल सकती है।

यह धार्मिक स्थल जुड़ेंगे

अजमेर के धार्मिक स्थलों के साथ पुष्कर- मीरां नगरी मेड़ता, जोधपुर, नागौर, देशनोक बीकानेर, बाड़मेर का किराड़ू, जैसलमेर का रामदेवरा भी इससे जुड़ जाएगा। यही नहीं खाटूश्यामजी व अन्य धार्मिक स्थल भी इससे जुड़ सकेंगे। इससे धार्मिक पर्यटन को भी बढ़ावा मिल सकेगा। यही नहीं पंजाब, हरियाणा, जम्मू-कश्मीर, गुजरात से सीधा सम्पर्क हो जाएगा।

फैक्ट फाइल
59 किमी : पुष्कर-मेड़ता ट्रेक की दूरी

10.05 करोड़ : प्रथम चरण में पटरियां बिछाने को बजट
2022 : दिसम्बर में सर्वे

1.47 कराेड़ : सर्वे का बजट
13 : साल पुरानी योजना

बढ़ेगा व्यापार-उद्योग
पुष्कर रेलवे लाइन के बनने से व्यापार-उद्योग बढ़ेगा। खनिज एवं कृषि संबंधी उद्योग का कच्चा माल एक-दूसरे क्षेत्रों में पहुंचाने में मदद मिलेगी। इससे लोगों को रोजगार भी मिलेगा।

Updated on:
03 Feb 2024 02:08 pm
Published on:
03 Feb 2024 02:08 pm