अजमेर

नाबालिग बेटा जूते में छुपा कर देने आया बंदी पिता को नशे की पुडिय़ा

अजमेर सेन्ट्रल जेल : तलाशी के दौरान मिली 5.72 ग्राम चरस
less than 1 minute read
Jan 28, 2020
नाबालिग बेटा जूते में छुपा कर देने आया बंदी पिता को नशे की पुडिय़ा
नाबालिग बेटा जूते में छुपा कर देने आया बंदी पिता को नशे की पुडिय़ा

मनीष कुमार सिंह

अजमेर. मादक पदार्थ तस्करी के मामले में अजमेर सेन्ट्रल जेल में विचाराधीन बंदी को उसका नाबालिग बेटा रविवार को गणतंत्र दिवस पर मिलने आया। मुख्यद्वार पर सामान की तलाशी के दौरान आरएसी के जवान ने जूते की तली (सोल) की तलाशी ली। तलाशी में 5.72 ग्राम चरस बरामद की। सिविल लाइंस थाना पुलिस ने बालअपचारी को सोमवार बाल न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे बाल सम्प्रेषण गृह भेजने के आदेश दिए।

अनुसंधान अधिकारी शमशेर खान ने बताया कि पुष्कर निवासी एक व्यक्ति अजमेर सेन्ट्रल जेल में मादक पदार्थ तस्करी के एक विचाराधीन मामले में बंद है। रविवार को गणतंत्र दिवस पर उसका नाबालिग बेटा जेल में मुलाकात के लिए आया। मुलाकात पास बनाने के बाद वह जेल परिसर में दाखिल हुआ। यहां मुख्यद्वार पर मुलाकात से पहले आरएसी के जवान ने सामान की तलाशी ली। आरएसी के जवान को जूते में कुछ छिपाने का अंदेशा हुआ। जवान ने जूते की तली हटाकर देखी तो उसमें 5.72 ग्राम चरस छुपा कर रखी मिली। सूचना मिलते ही सहायक उपनिरीक्षक लक्ष्मीनारायण जेल पहुंचे। पुलिस ने नाबालिग को दस्तयाब कर लिया। पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट में प्रकरण दर्ज कर लिया। मामले की जांच कोतवाली थानाप्रभारी को सौंपी गई।

बाहर खड़ा था दोस्त

पुलिस की पड़ताल में सामने आया कि बालअपचारी के साथ उसका दोस्त भी आया था लेकिन उसके पास पहचान पत्र नहीं होने के कारण वह जेल के भीतर दाखिल नहीं हो सका। पुलिस की कार्रवाई की भनक लगते ही वह जेल के बाहर निकल गया।

Published on:
28 Jan 2020 08:16 am