हर बड़े सपने की शुरुआत देखने और उसे साकार करने के प्रयास से होती है। सपना जादू के माध्यम से वास्तविकता नहीं बन जाता, लेकिन दृढ़ संकल्प और कड़ी मेहनत से स्वरूप ले ही लेता है।
अजमेर. हर बड़े सपने (Dreams)की शुरुआत देखने वाले और उसे साकार करने के प्रयास से होती है। सपना जादू के माध्यम से वास्तविकता नहीं बन जाता, लेकिन दृढ़ संकल्प (determination) और कड़ी मेहनत (hard work) से स्वरूप ले ही लेता है। अजमेर के सुंदर विलास निवासी सुनील गहलोत ने अपने सपनों की उड़ान को परवाज दी। इसके लिए उन्होंने मात्र 22 साल की आयु में ही अजमेर(ajmer news) छोड़ दिया। करीब 20 साल में सुनील ने असंभव से सपने को मेहनत और लगन से हकीकत (reality) में तब्दील कर दिखाया।
एशिया, मिडिल ईस्ट, यूरोप और अब अमरीका में लम्बे पेशेवर कॅरियर की शुरुआत करने वाले सुनील गहलोत अमरीका के न्यूयॉर्क शहर की वल्र्ड फेमस वॉल स्ट्रीट स्थित एक बहुराष्ट्रीय वैश्विक वित्तीय संस्थान में उच्च पद ( High position) पर कार्यरत हैं। इस से पूर्व वे मस्कट, दुबई, लंदन, न्यूयार्क सिटी जैसे कई बड़े शहरों में डच बैंक, जेपी मोर्गन, चेस यूनियन, ट्रांसयूनियन, टिया, डन ब्रेडस्ट्रीट, लूमाता एवं ट्राई मैक्स अमरीका जैसी मल्टीनेशनल कम्पनीज (Multinational Companies) के लिए काम कर चुके हैं।
विपरीत परिस्थितियां उनके सफर को और अधिक प्रेरणादायक बनाती हैं। आर्थिक रूप से सामान्य परिवार से आने वाले सुनील का बचपन बड़ा ही संघर्ष भरा रहा। स्कूल और कॉलेज की पढ़ाई के साथ-साथ कम उम्र से ही सुनील पिता की ऑटो मोबाइल गेराज में कार्यकर उनका सहयोग करते थे। सीमित साधनों और मार्गदर्शन के अभाव के साथ उन्होंने शुरुआती शिक्षा अजमेर के सरकारी स्कूल एवं गवर्नमेन्ट कॉलेज(Government College ajmer) से की।
हाल ही में उन्होंने हार्वर्ड मेसाचुसेट्स इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से डाटा साइंस मशीन लर्निंग एंड कम्प्यूटर साइंस और साइबर सिक्योरिटी जैसी एडवांस टेक्नॉलोजी में सर्टिफिकेशन प्राप्त किया। इससे पूर्व भी वे डेटाबेस, क्लाउड, बिग डाटा, मशीन लर्निंग, डाटा साइंस जैसी एडवांस टेक्नोलॉजी में विश्व स्तर पर मान्यता प्राप्त सर्टिफिकेशन ओरेकल, माइक्रोसॉफ्ट, ऐमजॉन, क्लॉउडेरा जैसी वल्र्ड फेमस मुलिटिनेशनल कम्पनीज से प्राप्त कर चुके हैं। फोन पर बातचीत में उन्होंने कहा कि मेरी प्रेरणा मुझे अपने आस-पास के लोगों के अनुभवों से मिली। उन्होंने माता-पिता के आशीर्वाद को सफलता (Success) का कारण बताया।
कंटेन्ट : भानुप्रताप गुर्जर