
रक्तिम तिवारी/अजमेर. प्रदेश के 104 कॉलेज में ऑनलाइन सर्टिफिकेट कोर्स की शुरूआत नहीं हो पाई है। कॉलेज शिक्षा निदेशालय अपनी योजना को भुला चुका है। पिछले दो सत्र से कोर्स में प्रवेश अथवा इनको प्रारंभ करने को लेक कोई आदेश जारी नहीं किए गए हैं।
प्रदेश की अधिकांश संस्थाओं में कला, वाणिज्य, विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, विधि और अन्य संकाय के स्नातक और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम संचालित हैं। इसके अलावा इंदिरा गांधी नेशनल ओपन यूनिवर्सिटी के कुछ पाठ्यक्रम भी चल रहे हैं। किसी कॉलेज अथवा विश्वविद्यालय में ऑनलाइन कोर्स में पढऩे, और परीक्षा देकर त्वरित डिग्री का प्रावधान नहीं है। लिहाजा उच्च शिक्षा विभाग ने साल 2017 में ऑनलाइन पाठ्यक्रम शुरू करने की योजना बनाई थी।
आईआईटी मुम्बई से अनुबंध
विद्यार्थियों को ऑनलाइन पढ़ाई की सुविधा देने के लिए कॉलेज शिक्षा निदेशालय ने आईआईटी मुम्बई से अनुबंध किया। योजनान्तर्गत विद्यार्थियों को फ्री ओपन सिस्टम सिस्टम सॉफ्टवेयर के माध्यम से पढ़ाई का अवसर दिया जाना था। प्रथम चरण में राज्य के 104 कॉलेज चिन्हित किए गए। विद्यार्थियों को एक या अधिक कोर्स का चयन करने का विकल्प भी दिया गया।
नहीं जारी हो सके आदेश
कॉलेज में ऑनलाइन सर्टिफिकेट कोर्स को लेकर पिछले दो सत्रों से कोई आदेश जारी नहीं हुए हैं। प्रत्येक कॉलेज में प्रभारी भी नियुक्त होने थे यह प्रभारी विद्यार्थियों को जानकारी देने के अलावा उनका मार्गदर्शन करेंगे। कॉलेज में समिति का गठन भी होना था। उच्च शिक्षा विभाग अपनी अहम योजना को अंजाम तक नहीं पहुंचा पाया है।
यहां चलने थे कोर्स
अजमेर के एसपीसी-जीसीए और राजकीय कन्या महाविद्यालय, ब्यावर, किशनगढ़, नसीराबाद, अलवर, बांसवाड़ा, बाडमेर, बारां, भरतपुर, भीलवाड़ा, शाहपुरा, बीकानेर, बूंदी, चित्तौडगढ़़, मंडफिया, कोटा, करौली, नागौर, डीडवाना, सरदारशहर, डूंगरपुर, हनुमानगढ़, जालौर, झुंझुनूं, जोधपुर, भोपालगढ़, तारानगर, राजसमंद, प्रतापगढ़, पाली, मेड़तासिटी और अन्य।
यह चलने थे कोर्स
-इंश्योरेंस और बैंकिंग सर्टिफिकेट कोर्स
-इंग्लिशन स्पोकन सर्टिफिकेट कोर्स
-ह्मयून रिसोर्स और रिटेल मैनेजमेंट
-सर्टिफिकेट इन एकाउन्टेंसी एन्ड टेक्सेशन
-विज्ञान, वाणिज्य और कला संकाय के विषयों से जुड़े लघु पाठ्यक्रम