
अजमेर ।
राजस्थान में प्रशासन सेवा की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए अच्छी ख़बर है। राजस्थान लोक सेवा आयोग जल्द ही आरएएस-2018 परीक्षा के विज्ञापन जारी करने वाला है। साथ ही राजस्थान लोक सेवा आयोग अपनी मुख्य वेबसाइट पर परीक्षार्थियों के लिए कुछ न्या अपडेट लाने जा रहा है।
प्रदेश के मुख्य सचिव निहालचंद गोयल और कार्मिक विभाग सचिव भास्कर ए. सावंत की बैठक के बाद राजस्थान लोक सेवा आयोग ने गत महीनों से रुकी हुई भर्तियों के विज्ञापन निकालने की तैयारी में है। सूत्रों के मुताबिक ये भर्तियों से संबंधित विज्ञापन अप्रैल के शुरूआती दिनों में निकल सकते है। इस बार आयोग ने वेबसाइट में भी आवेदन करने के कुछ बदलाव लिए है। जिसमे अभ्यर्थीयों को शैक्षणिक और गैर शैक्षणिक दस्तावेज की प्रतियां जमा न करा कर दस्तावेजों को वन टाइम रजिस्ट्रेशन से आयोग के पोर्टल पर अपलोड करना होगा।
आयोग की वेबसाइट में ये आया न्या बदलाव
आयोग के मुताबिक इस बदलाव के लिए काफी समय से वेबसाइट पर डवलपिंग का काम चल रहा था। अब अभ्यर्थी राजस्थान लोक सेवा आयोग के तहत किसी भी भर्ती परीक्षा के लिए आवेदन करेगा तो उसे ओटीआर लिंक मिल जाएगा। यह लिंक रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आएगा। इस लिंक पर क्लिक के बाद अभ्यर्थी सीधे ही आयोग के पोर्टल से जुड़ जाएगा और वहां सभी जरूरी दस्तावेज स्कैन कर के अपलोड करेगा। उसके बाद उसे दौबारा दस्तावेज अपलोड करने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
रजिस्ट्रेशन के लिए आधार अनिवार्य
वन टाइम रजिस्ट्रेशन करवाने के लिए हर अभ्यर्थी को अपना आधार नंबर भी वेबसाइट में रजिस्टर्ड करना होगा। उसके बाद ही ये लिंक अभ्यर्थी तक पहुंच पाएगा। आधार नंबर का रजिस्ट्रेशन अनिवार्य रखा है इसके बिना अभ्यर्थी आवेदन नहीं कर पाएंगे।
आयोग इन भर्तियों की जारी करेगा विज्ञप्तियां
आयोग अप्रैल माह में आरएएस परीक्षा 2018, व्याख्याता कॉलेज शिक्षा, उपनिरीक्षक भर्ती परीक्षा सहित इस वर्ष आयोग की तरफ से होने वाली अन्य भर्तीयों की विज्ञप्ति वेबसाइट पर जारी करेगा। विज्ञप्ति जारी होने के बाद, अभ्यर्थी आयोग की मुख्य वेबसाइट पर भर्ती संबंधी अपडेट देख सकेंगे।
पहले विज्ञप्ति जारी करने की तिथि थी 1 अप्रैल
पहले आयोग प्रशासन भर्तियों से संबंधी विज्ञापन 1 अप्रैल को जारी करने वाला था। लेकिन इस दिन मूर्खता दिवस है इसलिए विभाग ने सोचा की आवेदन करने वाले अभ्यर्थी ये न सोच लें की आयोग उन्हें मूर्ख बना रहा है। इस विषय को गंभीर लेते हुए आयोग ने इस तिथि को रद्द कर दिया।