
भूपेन्द्र सिंह
अजमेर. अजमेर विद्युत वितरण निगम के तहत आने वाले जिलों में आरएपीडीआरपी योजना के तहत उपभोक्ताओं के घरों पर 4 जी स्मार्ट मीटर लगाने में ढिलाई बरती जा रही है। मीटर लगने की धीमी रफ्तार से योजना की लागत में वृद्धि होगी तो वहीं दूसरी और अनुमानित फायदे में भी कमी होगी जिसका सीधा नुकसान उपभोक्ताओं को होगा। 140 करोड़ की इस योजना के तहत अजमर डिस्कॉम क्षेत्र के 11 जिलों के 27 शहरों में 1 लाख 90 हजार 822 स्मार्ट मीटर लगाए जाने हैं।
कम्पनी को 15 जुलाई से 2019 से 15 जुलाई 2020 के दौरान ही स्मार्ट मीटर लगाने थे लेकिन डेढ़ साल भी अब तक केवल 43 हजार स्मार्ट मीटर ही लगाए जा सके हैं। यह कुल योजना का 22.53 प्रतिशत ही है । 27 में से 14 शहरों में तो स्मार्ट मीटर लगाने का अभी काम ही शुरु नहीं हुआ है। हालांकि स्मार्ट मीटर लगने से निगम तथा उपभोक्ताओं दोनों को ही फायदा होगा। उपभोक्ताओं को रीडिंग में आने वाली समस्या जैसे गलत गलत रीडिंग, मीटर खराब होने से औसत आधार पर बिल जारी होते हैं उससे भी निजात पाया जा सकेगा और उपभोक्ताओं को अपने उपभोग के अनुसार बिल जारी हो सकेगा।
राज्य से पुष्कर का चयन, पीएम के जरिए लॉंचिग की तैयारी
निगम के प्रबन्ध निदेशक वी.एस.भाटी के अनुसार आजादी के अमृत महोत्सव के तहत नवम्बर के दूसर सप्ताह में प्रधानमंत्री पुष्कर शहर में स्मार्ट मीटर योजना का लोकार्पण कर इसे लाइव कर सकते हैं। इसकी तैयारी की जा रही है। राज्य में तीनों डिस्कॉम कम्पनियों में से केवल अजमेर डिस्कॉम के पुष्कर कस्बे को चुना गया है। पुष्कर के उपभोक्ताओं के 4 जी स्मार्ट मीटर इंस्टॉल किए गए हैं। इनका इंटीग्रेशन का काम चल रहा है। पुष्कर में 4 जी थ्री फेज के करीब 460 मीटर लगाए गए हैं। सिंगल फेज के मीटरों की संख्या करीब 4000 है। पुष्कर में कुल 4460 स्मार्ट मीटर लग चुके हैं। अभी करीब 850 स्मार्ट मीटर लगाए जाने शेष हैं।
कर्मचारी के बजाय सर्वर से ही हो सकेगी मीटर रीडिंग
एक तरफ जहां डिस्कॉम को मीटर मीटर रीडिंग के लिए कर्मचारी होते हुए भी ठेकेदारों से मीटर रीडिंग मंगाई जा रही है । स्मार्ट मीटर लगने के बाद मीटर रीडिंग के लिए मेन पावर की आवश्यकता नहीं होगी और मीटर रीडिंग स्मार्ट मीटर की सिम के जरिए डिस्कॉम के सर्वर पर आ जाएगी।
स्मार्ट मीटर के लिए दिए गए लक्ष्य
नागौर में 18028 मीटर लगाए जाने थे इनमें 9517 मीटर ही लगे। 8511 मीटर शेष हैं। मकराना में 9107 मीटर में से 2207 मीटर ही लगे, 6900 मीटर शेष हैं। 15071 मीटर लगाए जाने थे अब तक 8070 मीटर ही लगे 7001 मीटर शेष हैं। परबतसर में 4969 मीटर लगने थे 3608 मीटर लगे 1361 मीटर शेष हैं। डीडवाना में 11454 मीटर लगने थे 4018 मीटर लगे 7436 मीटर शेष हैं। नावां में 4284 मीटर लगने थे 1936 मीटर लगे 2348 शेष हैं। पिलानी में 10217 मीटर लगने थे 6204 मीटर लगे 4013 मीटर शेष हैं। उदयपुरवाटी में 5678 मीटर लगने थे 4392 मीटर लगे 1286 मीटर शेष हैं। खंडेला में 2910 मीटर लगने थे 2911 मीटर लगे 706 मीटर शेष हैं।
इनका कहना है
स्मार्ट मीटर लगाने की योजना की स्पीड अच्छी नहीं है। हालांकि पिछले तीन महीनों में 23 हजार मीटर लगाते हुए योजना में तेजी लाई गई है। ऊर्जा विभाग हर महीने इसकी समीक्षा कर रहा है। मीटर लगाने का काम सरकारी कम्पनी के जरिए हो रहा है।
वी.एस.भाटी, एमडी अजमेर डिस्कॉम