पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को पकड़ा है। वहीं एसएसपी ने लापरवाही बरतने के आरोप में इंस्पेक्टर समेत पांच पुलिसकर्मियों को निलंबित किया है।
अलीगढ़। अलीगढ़ के टप्पल में ढाई साल की बच्ची की निर्मम हत्या सिर्फ पांच हजार रुपए की वजह से की गई। ये खुलासा हाल ही पुलिस ने किया है। पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है। वहीं केस में लापरवाही बरतने को लेकर एसएसपी आकाश कुलहरि ने इंस्पेक्टर केपी सिंह चहल सहित पांच पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है। हालांकि बच्ची के पिता पुलिस की इस कार्रवाई से संतुष्ट नहीं हैं, उनका कहना है कि बच्ची की हत्या आरोपी जाहिद के घर में हुई है, इसलिए अन्य लोग भी इसमें दोषी हैं, उन्हें भी जेल भेजा जाना चाहिए।
ये है पूरा मामला
दरअसल अलीगढ़ के टप्पल थाना क्षेत्र के बूढ़ा गांव में 30 मई को एक बच्ची लापता हो गई थी। बच्ची की गुमशुदगी की रिपोर्ट परिजनों ने दर्ज कराई थी, लेकिन बच्ची का कुछ पता नहीं चला। 2 जून को बच्ची की लाश कूड़े के ढेर में मिली। शव को कुत्तों का झुंड नोंच रहा था। तेज दुर्गंध आ रही थी। बच्ची की आंखें बाहर निकली हुई थीं और हाथ शरीर से अलग पड़ा था। मासूम की बरामदगी में हुई देरी की वजह से उसके परिजनों ने अन्य लोगों के साथ मिलकर स्थानीय प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया
10 हजार रुपए को लेकर की गई वीभत्स हत्या
इसके बाद 4 जून को पुलिस ने जाहिद और असलम नामक दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा। बच्ची के शव को देखकर पहली बार में लगा कि उसके साथ दरिंदगी हुई है। हालांकि पुलिस का कहना है कि बच्ची का रेप नहीं हुआ है। बच्ची की रेप की आशंका को लेकर अलीगढ़ के एसएसपी आकाश कुलहरी का कहना है कि बच्ची की मौत गला दबाकर की गई। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में रेप की पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस के मुताबिक महज 10 हजार रुपए के विवाद के कारण इस घटना को अंजाम दिया गया।
एसएसपी ने पांच पुलिसकर्मियों को किया निलंबित, परिजन संतुष्ट नहीं
शुक्रवार को एसएसपी आकाश कुलहरि ने इस मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में नितर्वमान इंस्पेक्टर टप्पल कुशलपाल सिंह चहल, थाने के तीन सब इंस्पेक्टर सत्यवीर सिंह, अरविंद कुमार, शमीम अहमद व सिपाही राहुल यादव को निलंबित कर दिया है। हालांकि बच्ची के परिजन अभी इस कार्रवाई से संतुष्ट नहीं हैं। उनका कहना है कि हत्या को आरोपी जाहिद के घर में अंजाम दिया गया है इसलिए अन्य लोग भी इसमें दोषी हैं, उन्हें भी जेल भेजा जाए। अगर पुलिस ने 24 घंटे में उसकी मांग पूरी न की तो वह थाने पर आत्मदाह को विवश होंगे। राजनेताओं द्वारा प्रशासन की ओर से दो लाख रुपये के चेक पर बच्ची के पिता का कहना है कि प्रशासन चाहे तो चेक वापस ले सकता है। उन्हें सिर्फ बेटी की हत्या पर न्याय चाहिए।
ये कहना है एसएसपी का
इस मामले में एसएसपी का कहना है कि जैसे-जैसे साक्ष्य मिलते जा रहे हैं कार्रवाई की जा रही है। अभी दो लोग गिरफ्तार किए गए हैं। उन पर रासुका के तहत कार्रवाई प्रस्तावित है। वहीं मुकदमे का ट्रायल फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराया जाएगा। रहा सवाल अन्य आरोपियों का तो इस पहलू पर जांच चल रही है, जो भी साक्ष्य सामने आएगा। उसके अनुसार कार्रवाई के लिए टीम को लगाया गया है।