
Alwar Crime: अलवर शहर में इन दिनों अपराधियों के हौसले बुलंद हैं। इन्हे न तो कानून का डर है और न ही पुलिस का खौफ। ताजा मामला शहर के सबसे व्यस्त और पॉश इलाकों में से एक, यूआईटी के पीछे का है जहां बदमाशों ने सरेराह एक बड़ी वारदात को अंजाम देने की कोशिश की। इस घटना के बाद से पूरे इलाके के व्यापारियों और स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है।
यूआईटी के पीछे स्थित एक क्लीनिक के बाहर रोज की तरह गाड़ियां खड़ी थीं। तभी एक बिना नंबर की बाइक पर सवार होकर दो शातिर चोर वहां पहुंचे। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को देखने से पता चलता है कि दोनों बदमाश पहले काफी देर तक इलाके में चक्कर काटते रहे। वे एक सही मौके की तलाश में थे, लेकिन उस समय वहां लोगों की आवाजाही ज्यादा थी। इसलिए उन्होंने कुछ देर इंतजार करना ही बेहतर समझा।
जैसे ही उन्हें मौका मिला, एक बदमाश बाइक के पास पहुंचा और बड़ी सफाई से उसका लॉक तोड़ दिया। इसी बीच उसके दूसरे साथी ने बाइक पर टंगा हेलमेट उठाया और खुद पहन लिया ताकि किसी को शक न हो। दोनों बाइक लेकर रफूचक्कर होने ही वाले थे कि तभी बाइक के मालिक सुरेश वहां पहुंच गए। सुरेश को कुछ अजीब लगा और उन्होंने तुरंत दोनों चोरों को पकड़ने का प्रयास किया।
खुद को घिरता देख और पकड़े जाने के डर से एक बदमाश ने अपनी पैंट की जेब से अचानक एक बंदूक नुमा हथियार निकाला और सुरेश पर तान दिया। दिनदहाड़े हथियार देखकर सुरेश भी एक पल के लिए सहम गए और आसपास के लोगों में भी हड़कंप मच गया। हथियार के दम पर लोगों को डराते हुए दोनों बदमाश बाइक तो नहीं ले जा सके, लेकिन वे सुरेश का हेलमेट लेकर बिना नंबर की अपनी बाइक पर बैठकर तेजी से वहां से फरार हो गए।
इस पूरी वारदात ने अलवर कोतवाली थाना पुलिस की गश्त और कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। हैरान करने वाली बात यह है कि जब इस मामले में कोतवाली थानाधिकारी रमेश सैनी से बात की गई, तो उन्होंने इस तरह की किसी भी वारदात से साफ इनकार कर दिया। पुलिस भले ही इस घटना से पल्ला झाड़ रही हो, लेकिन क्लीनिक के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे में बदमाशों की यह करतूत पूरी तरह कैद हो चुकी है, जो पुलिस के दावों की पोल खोल रही है। अब यह वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रहा है।