अलवर

कृषि यंत्रों के प्रति किसानों का रूझान बढ़ा, अनुदान 8 फीसदी किसानों को मिला

अलवर जिले के किसान कृषि यंत्र खरीदने के लिए अब आगे आने लगे हैं। अब सभी प्रकार से कृषि कार्यों के लिए मशीन का उपयोग होने लगा है। बीज की बुवाई से लेकर कटाई तक मशीन का उपयोग किया जा रहा है।

2 min read
Jan 07, 2024

अलवर जिले के किसान कृषि यंत्र खरीदने के लिए अब आगे आने लगे हैं। अब सभी प्रकार से कृषि कार्यों के लिए मशीन का उपयोग होने लगा है। बीज की बुवाई से लेकर कटाई तक मशीन का उपयोग किया जा रहा है। किसानों को मशीनों के प्रति जागरूक करने के लिए कृषि विभाग की ओर से समय- समय पर शिविर लगाए जाते हैं और खेती-बाड़ी से संबंधित जानकारी के साथ-साथ मशीनों से काम करने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। अब तक जिलेभर के किसानों को कृषि विभाग की ओर से केवल 8 फीसदी लोगों को अनुदान दिया गया है। इसमें 261 किसान शामिल हैं।

एक लाख से लेकर तीन लाख के उपकरणों पर है अनुदान : जिले में किसानों के लिए कृषि विभाग की ओर से 40 से 50 फीसदी तक अनुदान दिया जा रहा है। इसके अंतर्गत आने वाले यंत्रों में एक लाख से तीन लाख रुपए तक की राशि में अनुदान दिया जा रहा है। इसमें सामान्य वर्ग के लिए 40 फीसदी और एससी, एसटी, महिला, लघु और सीमांत किसानों के लिए 50 फीसदी तक अनुदान दिया जा रहा है। इसमें रोटावेटर, थ्रेसर और मेज लेजर एवं लेवल ( जमीन का समतल करने वाली मशीन) शामिल हैं।

इस प्रकार से रहा कृषि यंत्रों का आंकड़
अलवर जिले में किसानों की ओर से कृषि यंत्रों पर अनुदान के लिए इस साल 2925 किसानों ने आवेदन किए। इसमें से विभाग ने 2552 किसानों के आवेदन स्वीकार किए। इसमें 1686 किसानों की ओर से कृषि यंत्र खरीदे गए है और कृषि विभाग की ओर से केवल इस साल 261 किसानों के लिए अनुदान की राशि दी गई है। संयुक्त निदेशक कृषि विभाग लीलाराम जाट ने बताया कि विभाग की ओर से बाकी किसानों का अनुदान जल्द दिया जाएगा। अनुदान पर 167 रोटावेटर, 10 थ्रेसर और 4 मेज लेजर एवं लेवल मशीन ( जमीन का समतल करने वाली मशीन) दी गई हैं।

Updated on:
07 Jan 2024 02:21 pm
Published on:
07 Jan 2024 02:12 pm
Also Read
View All

अगली खबर