बारिश के चलते पहाडों से आने लगे झरने, देखने के लिए उमडे़ लोग अलवर. जिले में पिछले दो दिनों से हो रही बारिश के चलते पहाड़ों में पानी आने लगा है और झरने गिरने लगे हैं। इस खुशनुमा मौसम का आनंद लेने के लिए लोग परिवार के संग पर्यटक स्थल पर पहुंचें। पर्यटक स्थलों पर […]
बारिश के चलते पहाडों से आने लगे झरने, देखने के लिए उमडे़ लोग
अलवर. जिले में पिछले दो दिनों से हो रही बारिश के चलते पहाड़ों में पानी आने लगा है और झरने गिरने लगे हैं। इस खुशनुमा मौसम का आनंद लेने के लिए लोग परिवार के संग पर्यटक स्थल पर पहुंचें। पर्यटक स्थलों पर फोटो और सेल्फी लेकर सोशल मीडिया पर डालने का उत्साह चर्म पर था अलवर के मौसम की तुलना, शिमला, मनाली और जम्मू से की जा रही थी। बारिश के फिल्मी गीतों के साथ अलवर के नजारों को वीडियो एडिट कर डाला जा रहा था। इसके चलते अलवर इन दिनाें सोशल मीडिया पर छाया हुआ है। बारिश आने के बाद पहाडों पर हरियाली छाई हुई है। गर्मी से खराब हो चुके पेड़ पौधों को जीवनदान मिला है। बारिश होने से पेड पौधे साफ होने से और भी सुंदर लग रहे हैं।
अलवर शहर के किशनकुंड की पहाडियों का नजारा देखते ही बन रहा था यहां पर पहाडों के चारों तरफ से पानी के झरने बह रहे थे। लोगों ने परिवार के साथ पिकनिक की और बारिश में भीगने का लुत्फ उठाया। इसके साथ लोगों ने किशनकुंड के अलावा यहां बने हाथी कुंड, भूजर कुंड आदि में तैरने का आनंद लिया। गर्वाजी, नलदेश्वर जैसे पर्यटक स्थलों का नजारा भी देखते ही बन रहा था।
इधर, बाला किला पर भी सुबह से ही पर्यटकों की भीड़ रही। शाम को बारिश का दौर थमा तो लोगों ने किले की छत पर बादलों का नजारा देखा। इतनी अधिक नजदीक से बादलों को आते जाते देखना पर्यटकों का अनुभव यादगार रहा। इसके साथ ही नटनी का बारा, सिलीसेढ, जयसमंद में पानी की आवक होने के बाद यहां दिन भर लोगों की भीड़ रही। भूरासिद्ध की पहाड़ी, गर्वाजी,नलेदेश्वर, सिलीसेढ़ की पहाडियों से भी झरनों से पानी बहने लगा। इसे देखने के लिए लोग यहां आए।