अलवर

Alwar: अलवर नगर निगम में बनेगा कांग्रेस का बोर्ड- टीकाराम जूली 

अलवर नगर निगम चुनाव के मतदान के बाद अब बोर्ड गठन को लेकर सियासी हलचल तेज हो गए हैं। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने दावा किया है कि अलवर नगर निगम में कांग्रेस का बोर्ड बनेगा। उन्होंने कहा कि ग्राउंड सर्वे, मतदान के रुझान और मीडिया रिपोर्ट कांग्रेस के पक्ष में हैं।
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Sep 10, 2026
alwar nagar nigam
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली (फोटो - पत्रिका)

अलवर नगर निगम बोर्ड के गठन को लेकर भाजपा और कांग्रेस में राजनीतिक हलचल तेज हो गई हैं। राजस्थान विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने दावा किया है कि अलवर नगर निगम में कांग्रेस का बोर्ड बनेगा। उन्होंने कहा कि ग्राउंड सर्वे, मतदान के बाद मिले रुझान और मीडिया रिपोर्टों से कांग्रेस के पक्ष में माहौल साफ दिखाई दे रहा है।

कांग्रेस अलवर में अपना मेयर बनाएगी

जूली ने कहा कि जनता ने कांग्रेस पर भरोसा जताया है और पार्टी को स्पष्ट बहुमत मिलने की उम्मीद है। उन्होंने यह भी दावा किया कि कई निर्दलीय पार्षद कांग्रेस के साथ आना चाहते हैं। जूली के अनुसार कांग्रेस अलवर में अपना मेयर बनाएगी और शहर के विकास को प्राथमिकता देगी। जूली ने कहा कि कांग्रेस ने चुनाव के दौरान वार्डवार स्थिति और जमीनी समीकरणों का आकलन किया है। मतदान के बाद मिले फीडबैक और मीडिया रिपोर्टों के आधार पर भी पार्टी को अपने पक्ष में परिणाम आने की उम्मीद है। उन्होंने निर्दलीय पार्षदों के समर्थन का भी भरोसा जताया।


उन्होंने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रदेश की तथाकथित डबल इंजन सरकार ने पिछले तीन साल में अलवर को विकास के नाम पर केवल विनाश दिया है। जूली ने कहा कि जो पार्षद शहर का विकास चाहते हैं, वे कांग्रेस का साथ देंगे।

जूली ने कहा कि कांग्रेस की प्राथमिकता भंवर जितेंद्र सिंह के विजन के अनुसार अलवर शहर को आधुनिक और विकसित बनाना है। नगर निगम में भ्रष्टाचार पर पूरी तरह लगाम लगाने के साथ शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाने पर भी जोर दिया जाएगा।

निर्वाचित पार्षदों से राय-मशविरा

मेयर के चयन को लेकर जूली ने कहा कि पार्टी सभी वरिष्ठ नेताओं और निर्वाचित पार्षदों से राय-मशविरा करेगी। इसके बाद साफ-सुथरी छवि वाले व्यक्ति को शहर का अगला मेयर चुना जाएगा। उन्होंने कहा कि मेयर का चयन पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और पार्षदों की सहमति से किया जाएगा।

अब कांग्रेस के इस दावे के बाद भाजपा की रणनीति पर भी सभी की नजर है। मतदान के बाद दोनों दल वार्डवार स्थिति का आकलन कर रहे हैं। चुनाव परिणाम 14 सितंबर को घोषित होंगे। उसी दिन साफ होगा कि अलवर नगर निगम के पहले बोर्ड की कमान किस दल के हाथ आती है और मेयर की कुर्सी किसे मिलती है।

Updated on:
10 Sept 2026 02:08 pm
Published on:
10 Sept 2026 02:08 pm