
अलवर जिले की 11 विधानसभा सीटों में से भाजपा ने रविवार रात्रि करीब साढ़े आठ बजे अलवर ग्रामीण से विधायक जयराम जाटव का टिकट काट ऐच्छिक सेवानिवृति लेने वाले शिक्षक रामकृष्ण मेघवाल को थमा दिया। खास बात यह है कि मेघवाल ने इसी दिन रविवार को शाम करीब पांच बजे भाजपा की सदस्यता ग्रहण की और रात करीब साढ़े आठ बजे उनको प्रत्याशी घोषित कर दिया। बहरोड़ से विधायक व श्रम मंत्री डॉ. जसवंत सिंह यादव के बेटे के टिकट का पेंच देर रात तक फंसा रहा। वहीं राजगढ़-लक्ष्मणगढ़ से विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष समर्थलाल मीणा के बेटे विजय मीणा को टिकट दिया है। अलवर ग्रामीण विधायक जयराम जाटव का भी टिकट काट दिया है।
इस तरह भाजपा ने अलवर जिले से अभी तक नौ में से छह विधायकों के टिकट काट दिए हैं। किशनगढ़बास के विधायक रामहेत यादव को टिकट दिया है। मुण्डावर से विधायक धर्मपाल चौधरी के बेटे को टिकट दिया है। इसके अलावा बहरोड़ सीट का निर्णय देर रात तक हो नहीं सका। बाकी अलवर ग्रामीण, रामगढ़, अलवर शहर, तिजारा, कठूमर व थानागाजी के विधायकों के टिकट काटे हैं।
ये हैं भाजपा के प्रत्याशी
बानसूर से महेन्द्र यादव, मुण्डावर से मंजीत सिंह चौधरी, किशनगढ़बास से रामहेत यादव, तिजारा से संदीप दायमा, रामगढ़ से सुखवंत सिंह, अलवर ग्रामीण से रामकृष्ण मेघवाल, अलवर शहर से संजय शर्मा, थानागाजी से डॉ. रोहिताश्व शर्मा, कठूमर से बाबूलाल मैनेजर, राजगढ़-लक्ष्मणगढ़ से विजय मीणा भाजपा के प्रत्याशी हैं। वहीं बहरोड़ से भाजपा ने मोहित यादव को प्रत्याशी बनाया है।