
अलवर। थानागाजी गैंगरेप मामले में गुरुवार को गिरफ्तार मुख्य आरोपी छोटेलाल गुजरात भागने की फिराक में था। वह ट्रक में बैठकर अपने साथी के साथ अजीतगढ़ के अजमेरी इलाके में पहुंचा था।
छोटेलाल के खिलाफ पूर्व में भी दो प्रकरण दर्ज हैं। गैंगरेप मामले में आरोपी हंसराज अविवाहित है। बाकी सभी शादीशुदा हैं। आरोपी छोटेलाल थानागाजी में शराब की अवैध ब्रांच चलाता है। महेश खलासी व अशोक सेल्समैन का काम करता है। वहीं, मुकेश ट्रैक्टर-ट्रॉली चलाता है।
सभाी आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद गुरुवार रात अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक गोविंद गुप्ता और पुलिस महानिरीक्षक एस सेंगाथिर ने पुलिस अन्वेषण भवन में प्रेसवार्ता की। एडीजी गुप्ता ने कहा कि गैंगरेप प्रकरण को केस ऑफिसर स्कीम के तहत लेकर शीघ्र अनुसंधान पूरा कर न्यायालय में चालान पेश किया जाएगा। साथ ही आरोपियों को न्यायालय से सख्त से सख्त सजा दिलाने के पूरे प्रयास किए जाएंगे।
अच्छे काम का इनाम, लापरवाही पर कार्रवाई
प्रकरण में पुलिस की लापरवाही के सवाल पर एडीजी गोविंद गुप्ता और आइजी एस सेंगाथिर ने कहा कि इस गंभीर मामले में प्रथम दृष्टया जिन पुलिस अधिकारियों की लापरवाही रही, उन पर कार्रवाई की गई है। वहीं, प्रकरण में बेहतर काम करने वाले पुलिसकर्मियों को इनाम दिया जाएगा।
दरिंदे ने बेखौफ कबूला अपराध
गैंगरेप मामले का मुख्य आरोपी छोटेलाल गुर्जर ने गिरफ्तारी के बाद गुरुवार रात पुलिस अन्वेषण भवन में मीडिया के सामने बेखौफ होकर अपनी दरिंदगी बयां की। उसने अपना अपराध कबूलते हुए पूरे शुरुआत से लेकर आखिर तक घटनाक्रम के बारे में बताया।
साथ ही पूर्व में झगड़े के दौरान उसके दोनों पैर टूटने के बारे में भी बताया। वहीं, गैंगरेप के एक अन्य आरोपी अशोक गुर्जर ने कहा कि उसने अपने साथियों को महिला के साथ रेप करने से मना किया था। उसने छोटेलाल को पकडकऱ भी खींचा था, लेकिन छोटेलाल नहीं माना। सभी ने महिला के साथ रेप किया।