मंडी में माल की मांग होने के बावजूद पूर्ति नहीं कर पा रहे।आड़तियों का कहना हैं कि मोतीवाड़ा, माचाड़ी, डोरोली, पिनान, राजपुर बड़ा, देवती, टहला, खोहदरीबा, सकट गांव में लोगों ने अवैध कांटे लगाकर सब्जी की खरीदारी कर वाहनों में भरकर दिल्ली व हरियाणा भेज रहे हैं।
राजगढ़. टहला एवं रैणी क्षेत्र में विभिन्न प्रकार की सब्जियों का उत्पादन काफी मात्रा में हो रहा है, लेकिन स्थानीय सब्जी मण्डी में सब्जियां कम पहुंचने से आपूर्ति प्रभावित हो रही है। इधर किसानों को भी सब्जियों के पर्याप्त दाम नहीं मिल पा रहे हैं। मंडी में माल की मांग होने के बावजूद पूर्ति नहीं कर पा रहे।आड़तियों का कहना हैं कि मोतीवाड़ा, माचाड़ी, डोरोली, पिनान, राजपुर बड़ा, देवती, टहला, खोहदरीबा, सकट गांव में लोगों ने अवैध कांटे लगाकर सब्जी की खरीदारी कर वाहनों में भरकर दिल्ली व हरियाणा भेज रहे हैं। उक्त अवैध कांटों से सरकार को एक प्रतिशत टैक्स का नुकसान हो रहा हैं। अवैध कांटों के चलते राजगढ़ सब्जी मण्डी में सब्जियां बहुत ही कम आ रही हैं।
इस क्षेत्र में सब्जियां अधिकराजगढ़ सब्जी मण्डी के आढ़तियां अशोक कुमार सैनी, भर्तृहरि सैनी आदि ने बताया कि टहला, खोहदरीबा, मल्लाना, पालपुर, माचाड़ी, पिनान, डोरोली, जामडोली, डेरा, देवती, मोतीवाड़ा और सिटावट सहित आसपास के गांवों में घीया, करेला, टिंडा, बैंगन, भिण्डी, टमाटर, तोरू, चुकन्दर, मिर्च, पालक, धनिया और ग्वार की फली का उत्पादन हो रहा है। क्षेत्र के अधिकतर किसान सब्जियों की फसल को महत्व दे रहे हैं।
यहां लगा रहे अवैध खरीद कांटेआढ़तियों के अनुसार मोतीवाड़ा, माचाड़ी, डोरोली, पिनान, राजपुर बड़ा, देवती, टहला, खोहदरीबा और सकट गांवों में लोगों ने अवैध खरीद कांटे लगाकर सब्जियों की खरीदारी की जा रही है और इन्हें दिल्ली और हरियाणा भेज रहे हैं। इससे न केवल मण्डी में आपूर्ति कम हुई है, बल्कि सरकार को एक प्रतिशत टैक्स का नुकसान भी हो रहा है।
इस प्रकार है सब्जियों के भावइस समय मण्डी में सब्जियों के भाव घीया 4-8 रुपए, करेला व टिंडा 15-20, बैंगन 5-10, भिण्डी 8-12, टमाटर 12-15, तोरू 10-15, नीबू 50-60, चुकन्दर 10-15, मिर्च 5-15, पालक 10-15, धनिया 15-20 और ग्वार की फली 10-15 रुपए प्रति किलो है।