भामाशाहों की ओर से विशेष दान-पुण्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर गौशाला में गायों को चारा खिलाया गया और जरूरतमंद लोगों को कंबल वितरित किए गए।
अलवर जिले में आज मकर संक्रांति का पावन पर्व पर धार्मिक आयोजन हुए। मकर संक्रांति के अवसर पर सामाजिक संगठनों और गौशालाओं की ओर से विभिन्न सेवा कार्य आयोजित किए गए। शहर के प्रमुख चौराहों, बाजारों और धार्मिक स्थलों पर जगह-जगह दानपात्र रखकर लोगों से सहयोग राशि ली जा रही है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु गायों को हरा चारा खिलाते नजर आए। लोगों का मानना है कि इस दिन गौ सेवा करने से विशेष पुण्य की प्राप्ति होती है और परिवार में सुख-समृद्धि आती है।
वनखंडी गौशाला माचाड़ी में बुधवार को भामाशाहों की ओर से विशेष दान-पुण्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर गौशाला में गायों को चारा खिलाया गया और जरूरतमंद लोगों को कंबल वितरित किए गए। ठंड के मौसम में कंबल पाकर जरूरतमंदों के चेहरे पर राहत और खुशी साफ नजर आई। सुबह से ही शहर और ग्रामीण अंचलों में पर्व को लेकर विशेष रौनक देखने को मिली। लोगों ने सूर्य देव की पूजा-अर्चना कर दिन की शुरुआत की और दान-पुण्य कर पुण्य लाभ कमाया।
पर्व के चलते मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ रही। महिलाओं ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार स्नान कर सूर्य को अर्घ्य दिया, जबकि बच्चों और युवाओं में पतंग उड़ाने को लेकर खास उत्साह देखा गया। कुल मिलाकर अलवर में मकर संक्रांति का पर्व धार्मिक आस्था, सामाजिक सेवा और मानवीय संवेदना के संदेश के साथ हर्षोल्लास से मनाया जा रहा है।