
रामगढ़. वकीलों ने शुक्रवार को रैली निकालकर उपखंड अधिकारी कार्यालय का घेराव और प्रदर्शन किया। इस दौरान वकीलों ने भ्रष्टाचार और मनमानी के आरोप लगाते हुए नारे लगाए। अधिवक्ताओं ने बताया कि न्यायिक कार्य प्रभावित हो रहे हैं और आम जनता को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। करीब 60 दिन से वकील कलम बंद हड़ताल पर हैं, लेकिन प्रशासन की ओर से अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
आरोप है कि उपखंड अधिकारी और वकीलों के बीच विवाद लगभग दो महीने से जारी है।हड़ताल के दौरान माहौल तब गर्म हो गया जब अधिवक्ताओं ने उपखंड अधिकारी के रीडर कक्ष पर ताला लगा देखा। वकीलों ने आरोप लगाया कि अधिकारी और कर्मचारी मिलकर आमजन और अधिवक्ताओं के कार्यों में बाधा डाल रहे हैं, जबकि प्रॉपर्टी आदि के काम समय पर किए जा रहे हैं। इस अवसर पर एडवोकेट लाखन शर्मा की अध्यक्षता में संघर्ष समिति का गठन किया गया, जो वकीलों की समस्याओं और मांगों को संबंधित अधिकारियों के सामने रखेगी। अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी कि जब तक अधिकारियों की कार्यप्रणाली में सुधार नहीं होता, उनका आंदोलन जारी रहेगा। इधर एसडीएम बाबूलाल ने कहा कि सभी आरोप निराधार हैं और वे अलवर जिला कलक्टर की बैठक में शामिल होने के लिए जा रहे थे। उन्होंने कहा कि कार्यालय के प्रत्येक काम को करने के लिए वे तैयार हैं, लेकिन वकील मनमर्जी कर रहे हैं। प्रदर्शन में एडवोकेट राजकुमार यादव, दिनेश शर्मा, राकेश यादव, सियाराम गुर्जर, संजय कुमार, मोहित जैन, ओमप्रकाश चौहान, लखविंदर, रोहिताश सैनी सहित कई अन्य अधिवक्ता उपस्थित रहे।