अलवर

अलवर कलक्टर निवास के बाहर तीन बदमाशों ने युवती के साथ किया ऐसा, जानकर आपको भी आएगा गुस्सा

अलवर में जिला कलक्टर के निवास के बाहर भी युवतियां सुरक्षित नहीं है।
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Jun 01, 2018
Mobile phone stolen by a girl near alwar collector house
अलवर कलक्टर निवास के बाहर तीन बदमाशों ने युवती के साथ किया ऐसा, जानकर आपको भी आएगा गुस्सा

अलवर. जिला मुख्यालय की सबसे वीआईपी सडक़ पर जिला कलक्टर के निवास के ठीक बाहर गुरुवार रात बाइक सवार गुंडोंं ने एक छात्रा से मोबाइल छीन लिया। नेहरू गार्डन से साथी छात्रा के साथ घर जा रही युवती फोन पर बात करती जा रही थी। तभी पीछे से एक बाइक पर आए तीन गुंडोंं में से बीच वाले ने छात्रा से फोन छीन लिया। अचानक हुए हमले के बावजूद दोनोंं छात्राओं ने करीब 15 मीटर तक बाइक के पीछे दौड़ भी लगाई।

लेकिन तीनों युवक स्टेशन रोड से कालीमोरी होते हुए भवानी तोप सर्किल की ओर बाइक भगाकर गायब हो गए। दो बाइक सवार युवकों ने उनका पीछा भी किया, लेकिन प्लानिंग करके आए बदमाश उनकी पकड़ में नहीं आए। बाइक सवारों का दुस्साहस इतना था कि उन्होंने हेलमेट तक नहीं पहना था। स्थानीय निवासियों ने बताया कि इसी सडक़ पर पिछले चार माह में यह लूट की छठी वारदात है। पुलिस से शिकायत करने के बावजूद गुंडागर्दी कायम है। कई मामलों में तो पुलिस एफआईआर तक दर्ज करने से बचती है।

जब कलक्टर निवास के यहां भी सुरक्षा नहीं तो और कहां?

पीडि़त छात्रा ने मौके पर ही मौजूद राजस्थान पत्रिका संवाददाता को बताया कि जब कलक्टर निवास के बाहर ही यह हाल है, तो हालात का अंदाजा सहज लगाया जा सकता है। कोटकासिम निवासी छात्रा पार्ट टाइम जॉब करने के साथ ही आगे की पढ़ाई भी कर रही है। उसकी साथी छात्रा ने बताया कि शुक्र है कि धक्का लगने और अचानक से झपट्टा मारने के बावजूद कोई चोट नहीं लगी। उन्होंने अफसोस जताया कि शहर में मुख्य सडक़ पर अंधेरा था।

गश्त व नाकेबंदी का अतापता नहीं

घटना के समय न तो कालीमोरी फाटक के बाहर नाकाबंदी नजर आई और न ही नेहरू गार्डन के बाहर निर्भया दस्ता दिखा। निर्भया दस्ते को विशेष रूप से नेहरू गार्डन के यहां लगाया हुआ है। जबकि कालीमोरी के बाहर अक्सर देर शाम बेरिकेट््स लगाकर नाकाबंदी की जाती है। गुरुवार रात यहां नाकाबंदी तो दूर एक भी सिपाही तक नजर नहीं आया। गुंडों का पीछा करने वाले युवकों ने बताया कि रास्ते में कहीं भी पुलिस नहीं दिखी, न बेरिकेड्स लगे थे। इससे वे आसानी से बाइक दौड़ाकर भागने में कामयाब हो गए।

अंधेरे का फायदा

शहर के आधे से ज्यादा हिस्से में रोडलाइट बंद पड़ी हैं। गुरुवार रात को भी पिछले कई दिनों की तरह कलक्टर निवास के बाहर रोडलाइट बंद थी। यहां किसी सीसीटीवी कैमरा लगे होने की भी जानकारी नहीं है। यदि सीसीटीवी लगे होते तो भी रोडलाइट बंद होने के कारण इसका लाभ नहीं मिल पाता।

Published on:
01 Jun 2018 08:36 am