अलवर

खुशियां बिखेरने वाला बाघ ही बना अब सरिस्का की चिंता

  अलवर. सरिस्का को खुशियां देने वाला बाघ ही अब सरिस्का प्रशासन के लिए चिंता का कारण बन गया है। बाघ एसटी-13 इन दिनों बाघिन एसटी-10 के शावकों के इर्द गिर्द ही घूम रहा है, इससे शावकों की सलामती को लेकर सरिस्का प्रशासन चितिंत है। यही कारण है कि शावकों का पता लगाने के लिए अब बाघिन एसटी-10 की टैरिटरी में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं।  
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Feb 19, 2019
sariska tiger news
खुशियां बिखेरने वाला बाघ ही बना अब सरिस्का की चिंता

वर्ष 2018 जाते-जाते सरिस्का को तीन शावकों की खुशियां दे गया, बाघिन एसटी-10 ने 21 दिसम्बर 2018 को तीन शावकों को जन्म दिया। खास बात यह कि बाघ एसटी-13 ही इन तीन शावकों का पिता बताया जाता है। अब यही बाघ सरिस्का के लिए फिर से चिंता दे रहा है। इसका कारण है कि बाघ एसटी-13 गत एक महीने से बाघिन एसटी-10 की टैरिटरी में घूम रहा है। इसी क्षेत्र में तीन शावक भी हैं जो कि अभी दो महीने के भी नहीं हुए है। इस कारण शावक बाघ से खुद की रक्षा करने में भी सक्षम नहीं है।

बाघ व बाघिन में कई बार हो चुका संघर्ष

बाघ एसटी-13 के बाघिन की टैरिटरी एवं शावकों के पास घूमने के कारण बाघ व बाघिन के बीच कई बार सघर्ष भी हो चुका है। इसमें बाघ व बाघिन घायल भी हुए हैं। शावकों की सलामती के लिए बाघिन बाघ को दूर भगाने के प्रयास भी कर चुकी है। वहीं सरिस्का प्रशासन के भी बाघ को शावकों से दूर भगाने के प्रयास विफल हो चुके हैं।

शावकों को खतरा, ढूंढने को लगवा रहे कैमरे

बाघ के बाघिन की टैरिटरी में पहुंचने से सबसे ज्यादा खतरा शावकों को है। बाघ कई बार शावकों का शिकार भी कर लेता है। सरिस्का प्रशासन की चिंता भी यही है कि कहीं बाघ ने शावकों को कोई नुकसान तो नहीं पहुंचाया। शावक छोटे होने के कारण नाले से बाहर भी नहीं आ रहे, इस कारण लंबे समय उनकी साइटिंग भी नहीं हो सकी है। अब सरिस्का प्रशासन शावकों का पता लगाने के लिए बाघिन की टैरिटरी में कैमरे लगवा रहा है। बाघ व बाघिन की भिड़ंत का पता भी सरिस्का में इन दिनों दिन रात की मॉनिटरिंग के चलते ही संभव हो पाई है।

नहीं दिख पा रहे शावक

बाघिन एसटी-10 के शावक पिछले कई दिनों से मॉनिटरिंग टीम को नहीं दिख पाए हैं। बाघ एसटी-13 के उसी क्षेत्र में घूमने से शावकों की चिंता बढ़ गई है। अब कैमरे लगाकर शावकों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। वैसे शावक छोटे होने के कारण उनकी साइटिंग मुश्किल कार्य है।

हेमंत सिंह

डीएफओ सरिस्का बाघ परियोजना

Published on:
19 Feb 2019 06:00 am