
अलवर. शराब ठेकों पर लूटपाट करने वाला एक शातिर गिरोह पिछले कुछ समय से अलवर समेत दौसा, सीकर, झुंझुनूं और नागौर पुलिस के सिरदर्द बना हुआ है। गिरोह के बदमाश यहां एक के बाद एक शराब ठेकों पर लूटपाट की वारदात को अंजाम दे रहे हैं, लेकिन इनकी शातिरी के आगे पांच जिलों की पुलिस भी इन्हें पकड़ पाने में अब तक नाकाब बनी हुई है।
सीकर क्षेत्र के हो सकते हैं बदमाश
गिरोह के सदस्य रात के अंधेरे में शराब ठेकों पर लूटपाट की वारदात को अंजाम देते हैं। ये बदमाश गिरोह पिछले करीब छह माह में अलवर जिले के केसरपुर, बहरोड़, नीमराणा, मांढण, माजरीकलां, कोटकासिम आदि क्षेत्रों में आधा दर्जन से ज्यादा शराब ठेकों पर लूटपाट कर चुके हैं। पुलिस के अधिकारिक सूत्रों के
मुताबिक संभवत: यह गैंग सीकर क्षेत्र का है। 8-10 बदमाशों ने मिलकर एक गिरोह बनाया हुआ है। पूर्व में भी उनके खिलाफ पुलिस रेकॉर्ड में ऐसे अपराध दर्ज हैं।
व्हाट्स-एप कॉलिंग से दे रहे पुलिस को गच्चा
पुलिस सूत्रों के मुताबिक गिरोह के सदस्य इतने शातिर हैं कि वारदात के दौरान ज्यादातर मोबाइल का इस्तेमाल ही नहीं करते हैं। जरुरत पडऩे पर एक-दूसरे से व्हाट्स-एप कॉलिंग पर बात करते हैं। पुलिस ने अपने प्रयासों से गिरोह का पता तो लगा दिया है, लेकिन बदमाश अब तक व्हाट्स-एप कॉलिंग के माध्यम से पुलिस को गच्चा देने में कामयाब रहे हैं।
यूं देते हैं वारदात को अंजाम
गिरोह के बदमाश रात के अंधेरे में पिकअप गाड़ी लेकर वारदात के लिए निकलते हैं। वह गांव के रोड या फिर हाइवे से अंदर लगे शराब ठेकों को निशाना बनाते हैं। वहां शटर काटकर लाखों रुपए की शराब पिकअप में भरकर ले जाते हैं। साथ ही गल्ले से नकदी भी ले जाते हैं। यदि इस दौरान ठेके पर कोई सेल्समैन मिलता है तो उसे हाथ-पैर बांधकर वहीं पटक जाते हैं।
धरपकड़ के प्रयास जारी
अलवर सहित दौसा, सीकर, झुंझुनूं और नागौर जिले में शराब ठेकों पर एक जैसी कई लूटपाट की वारदातें हुई हैं। संभवत: इन वारदातों के पीछे एक ही गिरोह है। जिला पुलिस बदमाशों की धरपकड़ के लिए गंभीरता से जुटी हुई है।
राजीव पचार, जिला पुलिस अधीक्षक, अलवर।