
अलवर। पर्यटकों के लिए खुशखबर, सरिस्का में बाघिन एसटी-10 ने तीन शावकों को जन्म दिया है। तीनों शावक शुक्रवार को सरिस्का अधिकारियों को दिखाई दिए। बाघिन एसटी-10 पूर्व में भी सरिस्का में दो शावकों को जन्म दे चुकी है। वर्तमान में सरिस्का में शावकों की संख्या बढ़कर 8 तक पहुंच गई है। वहीं 11 टाइगर भी हैं। शावकों की उम्र 15-20 दिन के बीच बताई गई है।
सरिस्का में बाघिन एसटी-10 को गत 15-16 नवम्बर को जीपीएस युक्त रेडियो कॉलर लगाया गया था। उस दौरान ही बाघिन के गभर्वती होने के संकेत मिल गए थे। तभी से बाघिन की गहनता से मॉनिटरिंग की जा रही थी।
कुछ दिन पहले बाघिन के रेडियो कॉलर के सिग्नल में गडबडी मिलने पर चिकित्सक के साथ बाघिन के रेडियो कॉलर की जांच को निकले सरिस्का डीएफओ हेमंत सिंह को पहाड़ी पर जाते समय समीप ही नाले से शावकों की आवाज सुनाई दी। इसी दौरान डीएफओ ने नाले में देखा तो वहां तीन शावक थे। उस दौरान बाघिन नाले में नहीं थी। बाद में शावकों की फोटो ली गई।
एक ही साल में तीसरी बार शावकों का जन्म
वर्ष 2018 सरिस्का के लिए खुशखबरी देने वाला रहा। इस साल सरिस्का में तीन बार बाघिनों ने शावकों को जन्म दिया। इसमें सबसे पहले बाघिन एसटी-14 ने दो शावकों को जन्म दिया। वहीं बाद में एसटी-12 ने तीन शावकों को जन्म दिया। वहीं अब बाघिन एसटी-10 ने तीन शावकों को जन्म दिया है।