कोरिया, सूरजपुर व बलरामपुर जिले की 2 छात्राएं व एक महिला की हो चुकी है मौत, 7 अंबिकापुर के अस्पतालों में भर्ती
अंबिकापुर. सरगुजा संभाग में भी डेंगू ने पांव पसार लिए हैं। अब तक डेंगू से एक किशोरी एक युवती व महिला की मौत हो चुकी है। वहीं सात लोग डेंगू पीडि़त पाए गए हैं। इसमें छह का इलाज मिशन अस्पताल व एक का मेडिकल कॉलेज अस्पताल में चल रहा है। सभी पीडि़त किसी दूसरे शहर के रहने वाले हैं।
मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती युवक भिलाई में रहकर पढ़ाई करता था। उसकी तबियत बिगडऩे पर वह अपने घर दरिमा आया है। जब वह निजी क्लिनिक में इलाज कराने पहुंचा तो जांच के दौरान डेंगू के लक्षण पाए गए।
कोरिया जिले के चरचा कॉलरी निवासी 12वीं की छात्रा की रायपुर के एक निजी अस्पताल में 9 अगस्त को डेंगू से मौत हो गई थी। वहीं सूरजपुर जिले के ओडग़ी विकासखंड अंतर्गत ग्राम बेदमी निवासी सुगंती अगरिया पिता शिवकुमार 17 वर्ष 11वीं कक्षा की मौत 13 अगस्त को डेंगू की चपेट में आने से मिशन अस्पताल में हो गई थी।
वहीं बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के रामानुजगंज के वार्ड क्रमांक 5 में रहने वाली 40 वर्षीय मीरा यादव पति दिलीप यादव ने डेंगू से ही इलाज के दौरान रांची के अस्पताल में दम तोड़ दिया। वहीं अब तक 7 डेंगू पीडि़त पाए गए हैं। इसमें 6 का इलाज मिशन अस्पताल व 1 का मेडिकल कॉलेज अस्पताल में चल रहा है।
भिलाई में पढ़ाई करता है विनीत
दरिमा निवासी 18 वर्षीय विनीत सिंह भिलाई में रहकर पढ़ाई करता है। उसकी 13 अगस्त को भिलाई में ही तबियत बिगड़ी थी। तबियत खराब होने के बाद वह अपने घर दरिमा आ गया। परिजन उसे कल इलाज के लिए निजी क्लिनिक लेकर गए। यहां जांच के दौरान डेंगू के लक्षण पाए गए। इसके बाद से उसका इलाज मेडिकल कॉलेज अस्पताल में चल रहा है।
सभी मरीज दूसरे शहर में हुए हैं पीडि़त
जिले में अब तक 7 डेंगू पीडि़त मरीज पाए गए हैं। से सभी दूसरे शहर में रहकर पढ़ाई करते हैं या दूसरे काम करते हैं। इस दौरान तबियत बिगडऩे पर सभी अपने घर पहुंचे हैं। यहां जांच के दौरान डेंगू के लक्षण मिले हैं। इसमें छह का इलाज मिशन अस्पताल व एक का मेडिकल कॉलेज अस्पताल में चल रहा है।
डेंगू के लक्षण
1. अचानक तेज बुखार व सिर दर्द होना।
2. जोड़ोंं में और मांसपेशियों में दर्द।
3. थकान, जी मिचलाना, उल्टी होना।
4. 2 से 5 दिन के बाद शरीर पर चकते।
5. मसूड़ों और नाक से खून का हल्का रिसाव।
ये रखें ध्यान
1. कहीं पर भी पानी इक_ा न होने दें।
2. पानी की टंकी को ढककर रखें।
3. पौधों और पक्षियों के पानी को बदलते रहें।
4. कूलर साफ रखें।
5. पूरी बाजू के कपड़े पहनें।
6. घरों में मच्छर नहीं पनपने दें।