
अंबिकापुर। क्रिप्टोकरेंसी में निवेश कर अधिक मुनाफा दिलाने का झांसा देकर 10 हजार रुपए की ठगी (Fraud in the name of cryptocurrency) के मामले में मणिपुर पुलिस ने फरार 6वें आरोपी को गिरफ्तार किया है। इस मामले में 5 आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर पुलिस जेल भेज चुकी है। आरोपियों ने शहर के एक निजी होटल में जुलाई माह में ट्रेनिंग के नाम पर पीडि़त समेत अन्य लोगों को बुलाया था। गिरफ्तार आरोपी ने पहचान का फायदा उठाते हुए पीडि़त को भी होटल में बुलाया था। यहां उसे बताया गया कि क्रिप्टोकरेंसी में 10 हजार रुपए निवेश करने पर 1 साल में 10 लाख हो जाएंगे।
पुलिस ने जिस आरोपी को पकड़ा है, वह दरिमा थाना क्षेत्र के ग्राम इंदरपुर निवासी त्रिपाल टोप्पो उर्फ गुलाब (53) पिता स्व. रामलाल टोप्पो है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक मोबाइल और नोटबुक जब्त किया है। इस मामले में पुलिस का कहना है कि ग्राम इंदरपुर निवासी विद्याचरण राव ने शिकायत दर्ज कराई थी कि गांव के त्रिपाल टोप्पो ने ऑनलाइन शेयर मार्केट में फायदा होने की बात कहकर उसे योजना से जुडऩे के लिए कहा था।
इसके बाद त्रिपाल के माध्यम से उसकी मुलाकात उदयपुर निवासी राजकुमार पैकरा से हुई। राजकुमार ने उसे बिटगेट वॉलेट एलजीएनएस नामक क्रिप्टो वॉलेट ऐप (Crypto wallet app) में निवेश करने पर अधिक रकम मिलने का झांसा दिया। 19 जुलाई को होटल फिल आनंदम में शेयर मार्केट के संबंध में ट्रेनिंग रखी गई थी।
यहां कांता प्रसाद राजवाड़े लैपटॉप और प्रोजेक्टर के माध्यम से करीब 10-12 लोगों को ऐप के जरिए पैसा बढ़ाने की जानकारी दे रहा था। इसी दौरान एक साल में 10 हजार रुपए को एक लाख रुपए करने का लालच देकर राजकुमार पैकरा ने विद्याचरण राव से 10 हजार रुपए लिए।
पीडि़त की शिकायत पर मणिपुर थाने में धारा 318(4), 61(2) बीएनएस में मामला दर्ज किया गया था। विवेचना के दौरान पुलिस ने आरोपी कांता प्रसाद राजवाड़े, राजकुमार पैकरा, जीवन साय टोप्पो, फिरोज लकड़ा और मुकेश कुमार गुप्ता को पूर्व में ही गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया था, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया था।
जबकि फरार आरोपी की तलाश की जा रही थी। कार्रवाई में मणिपुर थाना प्रभारी एसआई सीपी तिवारी, एएसआई अनिल पाण्डेय, राकेश मिश्रा, प्रधान आरक्षक नरेन्द्र जांगड़े, आरक्षक रामशंकर यादव, अनिल परिहार, अनिल सिंह व निरंजन बड़ा शामिल रहे।
फरार आरोपियों की तलाश के दौरान पुलिस ने त्रिपाल टोप्पो (Accused arrested) को पकड़ा। पूछताछ में उसके द्वारा भी बिटगेट वॉलेट एलजीएनएस के प्रचार-प्रसार से जुड़े होने की जानकारी सामने आई। पुलिस ने आरोपी के मोबाइल और एक नोटबुक को जब्त किया है। पुलिस के अनुसार इस योजना का छत्तीसगढ़ के अन्य जिलों के साथ देश के दूसरे राज्यों में भी प्रचार-प्रसार किए जाने की जानकारी मिली है।
अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है। इधर सरगुजा पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि अधिक मुनाफे के लालच में किसी अनजान या संदिग्ध ऐप में निवेश न करें। निवेश से पहले संबंधित ऐप और योजना की विश्वसनीयता की जांच जरूर कर लें।