
अंबिकापुर. Food department: सरगुजा जिले में कार्यरत खाद्य विभाग के सभी 8 खाद्य निरीक्षक व 3 उपनिरीक्षकों समेत करीब दर्जनभर से अधिक कर्मचारियों का दिसंबर माह का वेतन रोक दिया गया है। इसके पीछे की वजह विभागीय कार्यों में उनके खराब परफॉर्मेंस को बताया जा रहा है। मजे की बात यह है कि जिला खाद्य अधिकारी को उनका वेतन मिल गया है। अब सवाल यह उठता है कि जब कर्मचारियों का प्रदर्शन कमजोर है तो साहब का प्रदर्शन कैसे अच्छा हो गया?
गौरतलब है कि सरगुजा जिले में खाद्य अधिकारी के अलावा 8 खाद्य निरीक्षक, 3 सहायक खाद्य निरीक्षक समेत कई कर्मचारी कार्यरत हैं। खाद्य निरीक्षकों द्वारा मेडिकल दुकानों, राशन दुकानों सहित इनसे जुड़े कई काम किए जाते हैं।
पिछले कई महीने से राशन दुकानों में हितग्राहियों का ई-केवाईसी, एनईएफटी (नेफ्ट) सहित अन्य कार्य किए जा रहे हैं। कई राशन कार्ड धारियों का ई-केवाईसी अब भी नहीं हो पाया है जबकि 30 दिसंबर को इसकी अंतिम तिथि निर्धारित की गई थी। ऐसे में उन्हें राशन मिलने में दिक्कत हो सकती है।
ई-केवाईसी व नेफ्ट समेत अन्य विभागीय काम पूरा नहीं हो पाने के कारण जिले के सभी 8 खाद्य निरीक्षक, 3 सहायक खाद्य निरीक्षक समेत दर्जनभर से अधिक कर्मचारियों का दिसंबर माह का वेतन खाद्य अधिकारी द्वारा रोक दिया गया है। वेतन रोके जाने से कर्मचारी परेशान हैं। वहीं खाद्य अधिकारी को उनका वेतन मिल गया है।
कमजोर रहा है प्रदर्शन
ई-केवाईसी, एनईएफटी सहित अन्य विभागीय कामों में कमजोर प्रदर्शन के आधार पर फूड इंस्पेक्टरों, सहायक फूड इंस्पेक्टरों सहित अन्य कर्मचारियों का वेतन रोका गया है।
रविंद्र सोनी, जिला खाद्य अधिकारी, सरगुजा