Land encroachment: लखनपुर थाना क्षेत्र के ग्राम राजा कटेल में एक समुदाय विशेष पर कब्जा कर मकान बनाने और खेती करने का है आरोप, धमकी देने के मामले में 4 के खिलाफ दर्ज हो चुका है अपराध
लखनपुर। लखनपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम राजा कटेल में भूमि अतिक्रमण के मामले (Land encroachment) को लेकर भाजपा जिला अध्यक्ष भारत सिंह सिसोदिया सहित पार्टी पदाधिकारियों एवं आदिवासी समाज के प्रतिनिधियों ने गांव पहुंचकर पंडो विशेष पिछड़ी जनजाति के लोगों से मुलाकात की। इस दौरान ग्रामीणों से चर्चा कर उनकी समस्याएं सुनी गईं तथा हर संभव सहायता का आश्वासन दिया गया। जिलाध्यक्ष ने कहा कि कब्जा करने वालों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
ग्रामीणों ने जिलाध्यक्ष को बताया कि एक समुदाय विशेष द्वारा उनकी भूमि पर जबरन कब्जा कर अवैध रूप से मकान निर्माण किया गया है तथा सैकड़ों एकड़ कृषि भूमि पर भी जबरन खेती (Land encroachment) किए जाने की शिकायत सामने आई है। इस पर जिलाध्यक्ष ने ग्रामीणों को आश्वस्त करते हुए कहा कि पंडो समाज के लोगों के अधिकारों की रक्षा के लिए पार्टी उनके साथ खड़ी है तथा मामले में वैधानिक और विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित कराई जाएगी।
उन्होंने कहा कि किसी भी परिस्थिति में गरीब और आदिवासी समाज के लोगों के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि भूमि विवाद को लेकर विरोध करने पर उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई तथा जातिसूचक गाली-गलौज की गई, इस पर कुछ लोगों के विरुद्ध प्रकरण (Land encroachment) दर्ज किया गया है।
भाजपा एवं आदिवासी समाज के प्रतिनिधियों ने ग्रामीणों से सीधे संवाद करते हुए उन्हें आश्वस्त किया कि उनकी जमीन और अधिकारों की लड़ाई में सभी लोग उनके साथ खड़े रहेंगे।
इस दौरान भाजपा जिला उपाध्यक्ष मधुसूदन शुक्ला, जन्मेजय मिश्रा, आदिवासी मोर्चा जिला अध्यक्ष बिन्देश्वरी पैकरा, रवि उरांव, निलेश सिंह, कमलेश टोप्पो, अजीत सिंह, दिनेश गुप्ता, धनंजय द्विवेदी, भाजपा मंडल अध्यक्ष दिनेश बारी, रवि महंत, भैयालाल साहू, सनमान पंडो, गणेश पंडो, रतन पंडो, रामधन पंडो, मुन्ना पंडो, बेचन राम पंडो, लाला गुलाब पंडो, कामेश्वर पंडो, प्राण गोपाल पंडो सहित बड़ी संख्या में अन्य ग्रामीण (Land encroachment) उपस्थित रहे।
प्रशासनिक स्तर पर भी मामले (Land encroachment) को गंभीरता से लेते हुए सरगुजा कलेक्टर के निर्देशन में मामले की जांच कराई गई है। जांच के उपरांत संबंधित लोगों के विरुद्ध छत्तीसगढ़ भू-राजस्व संहिता की धारा 170-ख के तहत नोटिस जारी किया गया है।
इस संबंध में एसडीएम वन सिंह नेताम ने बताया कि धारा 170 ख के तहत 27 फरवरी को एक दर्जन से अधिक ग्रामीणों को नोटिस जारी किया गया है। 20 मार्च को प्रकरण को लेकर एसडीएम न्यायालय में सभी को पेश होना है।