राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने अंबिकापुर में पत्रकारों से की चर्चा, भाजपा व कांग्रेस पर जमकर साधा निशाना, जनता कांग्रेस के बारे में कहीं ये बात
अंबिकापुर. भारतीय निर्वाचन आयोग निष्पक्ष व पारदर्शी चुनाव के लिए पूरी दुनिया में जाना जाता है। वर्तमान में चुनाव आयोग की प्रतिष्ठा लगातार गिरती जा रही है। चुनाव आयोग पूरी तरह से नरेन्द्र मोदी की कठपुतली की तरह काम कर रहा है। देश के इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ होगा, जब चुनाव आयोग ने अपने प्रेस कान्फ्रेंस का समय लगभग ढाई घंटे इसलिए बढ़ा दिया कि राजस्थान में नरेन्द्र मोदी अपनी रैली पूर्ण कर सकें और कुछ लोक-लुभावने वादे कर सकें।
आम आदमी पार्टी किसी भी गठबंधन का हिस्सा नहीं है। नफरत फैलाने वालों को रोकने के लिए कुछ करना जरूरी है लेकिन कांग्रेस जो भ्रष्टाचार की जनरेटर है, उसे भी नहीं भूलना चाहिए और मतदाताओं को सोच समझकर अच्छी सरकार चुननी चाहिए। उक्त बातें रविवार को आम आदमी पार्टी के राज्य सभा सांसद संजय सिंह ने कहीं।
आम आदमी पार्टी के राज्य सभा सांसद संजय सिंह ने होटल मयूरा में पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि ईव्हीएम के संबंध में जहां भी शिकायत की गई है, उसका फैसला हमेशा भाजपा के पक्ष में आया है। सुप्रीम कोर्ट में ईव्हीएम से संबंधित मामला विचाराधीन है।
इसलिए आम आदमी पार्टी द्वारा सुप्रीम कोर्ट से मांग की गई है कि चुनाव आयोग की निष्पक्षता बरकरार रखने के लिए न्यायालय की देखरेख में एक एसआईटी का गठन कर पांचों राज्य में व्हीव्हीपैट के माध्यम से चुनाव सम्पन्न कराया जाए। मौजूदा चुनाव आयोग संवैधानिक संस्था की प्रतिष्ठा धूमिल करने में लगा हुआ है। छत्तीगढ़ में चुनाव रमन के दमन पर लड़ा जाएगा।
छत्तीसगढ़ एक ऐसा राज्य हैं, जहां धान है, कोयला है, हीरा व बाक्साइट भी है लेकिन यहां की सम्पदा का दोहन कर सिर्फ अदानी व अंबानी जैसे उद्योगपतियों को फायदा पहुंचाया जा रहा है। यहां के युवाओं को रोजगार तक नहीं मिल रहा है, अगर वे यहां से रोजगार की तलाश में अन्य राज्यों में पलायन कर रहे हैं तो वे बेबस हैं।
रमन सिंह के दोहन से शिक्षक, किसान व कर्मचारी परेशान है। इनको प्रशासनिक तंत्र के माध्यम से दबाने का प्रयास किया जाता रहा है। डॉ. रमन सिंह ने धान के बोनस सहित समर्थन मूल्य 2300 रुपए देने की घोषणा की थी लेकिन यह भी नहीं दिया। अब छत्तीसगढ़ की जनता को तय करना है कि उसे किसे चुनना है। आम आदमी पूरे 90 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ रही है।
बदलाव होने पर खान व धान से सम्पन्न राज्य के युवाओं को आप रोजगार देगी। यहां की शिक्षा स्तर में सुधार लाने के साथ ही मोहल्ला क्लिनिक स्थापित किया जाएगा। इस दौरान साकेत त्रिपाठी व मसीह दास खलखो उपस्थित थे।
जोगी को वोट देना मतलब रमन को वोट देना
अजीत जोगी व बहुजन समाजवादी पार्टी के मध्य गठबंधन हुआ है लेकिन जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जोगी) का मतलब जकांछ (रमन) है। जोगी को वोट देने का मतलब है भाजपा को वोट देना। इसलिए अपने वोट का उपयोग सोच समझकर करें।
दिल्ली से भी महंगी है यहां की बिजली दर
संजय सिंह ने कहा कि दिल्ली में सरकार चलाने के बाद पता चला कि आर्थिक परेशानी कुछ नहीं होती है। सरकार की नीति साफ होनी चाहिए। हमने जो दिल्ली की जनता से वादा किया था, उसे निभाया। बिजली की दर आधी कर दी, जहां एक भी थर्मल पावर नहीं है। इधर छत्तीसगढ़ जो सरप्लस बिजली वाला राज्य है, वहां दिल्ली से भी बिजली महंगी है।
कांग्रेस भ्रष्टाचार की है जनरेटर
संजय सिंह ने कहा कि कांग्रेस भ्रष्टाचार की जनरेटर है। कांग्रेस को भूलना नहीं चाहिए। इसने अब तक बड़े-बड़े घोटाले किए हैं। २-जी, कोल स्कैम, स्पेक्ट्रम घोटाला यहां तक कि दिव्यांगों के व्हील चेयर के घोटालों में इनका नाम है। तीन वर्ष अजीत जोगी का शासनकाल भी छत्तीसगढ़ की जनता ने देखा है। राजनीति की गंदगी पर निश्चित ही झाड़ू चलेगा।
राफेल भ्रष्टाचार अब तक का सबसे बड़ा घोटाला
संजय सिंह ने कहा कि राफेल डील देश की आजादी के बाद सबसे बड़ा घोटाला है। इसे सबसे पहले मेरे द्वारा ही उठाया गया था। यूपीए सरकार ने 126 राफेल लड़ाकू विमान खरीदने का सौदा फ्रांस की सरकार से किया था। इसमें से 18 विमान तत्काल तैयार हालत में भारत भेजा जाना था लेकिन नरेन्द्र मोदी ने इस पूरे सौदे को बदल डाला।
उन्होंने एचएएल जो कि 78 वर्ष पुरानी संस्थान है और 58 छोटे-बड़े लड़ाकू विमान बनाने का अनुभव है, जो इंजीनियरों व साइंटिस्ट से लैस है। उसे बदलकर 12 दिन पूर्व की अनिल अंबानी की कम्पनी को दे दिया। यह आजादी के बाद का सबसे बड़ा घोटाला है। इसमें वर्तमान सरकार ने 540 करोड़ की जगह 1700 करोड़ में एक विमान खरीदने का सौदा कर अंबानी की कम्पनी को लाभ पहुंचाया है।