शिक्षक पंचायत नगरीय निकाय मोर्चा द्वारा 11 मई को होगी शिक्षाकर्मियों की महापंचायत, तय की जाएगी आगे की रूपरेखा
अंबिकापुर. संविलियन हेतु आंदोलन तेज करने रायपुर में शिक्षक पंचायत नगरीय निकाय मोर्चा द्वारा ११ मई को शिक्षाकर्मियों की महापंचायत बुलाई गई हैं। संभाग के शिक्षाकर्मी प्रांतीय सहसंचालक हरेंद्र सिंह के नेतृत्व में रायपुर के बूढ़ा तालाब में आयोजित महापंचायत में शिरकत करेंगे।
हरेंद्र सिंह ने बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा संविलियन में हो रही लेटलतीफी, कमेटी के चक्कर व संविलियन के प्रारूप का अध्ययन करने विभिन्न प्रदेशों में घूमकर बस टाइम पास किया जा रहा है। पूरे प्रदेश से शिक्षाकर्मी जुटकर आगे की रणनीति तय करेंगे। महापंचायत में ही आगे के आंदोलन की रूपरेखा तय होगी।
सरगुजा जिला के मोर्चा संचालकों कि ओर से मनोज वर्मा ने कहा कि संविलियन से कम कुछ भी बर्दाश्त नहीं। जिले से हजारों शिक्षाकर्मी रायपुर की महापंचायत में शामिल होंगे। मैनपाट से रमेश याज्ञिक, सीतापुर से सुशील मिश्रा, बतौली से जवाहर खलखो, लुंड्रा से रणवीर सिंह , अंबिकापुर से अमित सोनी व अजय मिश्रा, लखनपुर से राकेश पांडेय, उदयपुर से लखन राजवाड़े के नेतृत्व में शिक्षाकर्मी महापंचायत में शामिल होने निकल गए हैं।
मनोज वर्मा ने बताया कि जिले के शिक्षाकर्मियों में आगे की रणनीति को लेकर इतना उत्साह है कि कई शिक्षाकर्मी साथी दो दिन पहले ही रायपुर पहुच चुके हैं।
गर्मी में भी शिक्षाकर्मियों का हौसला तोडऩे की ताकत नहीं
मनोज वर्मा ने कहा कि शिक्षाकर्मी बड़ी ही उम्मीद के साथ पिछले 5 माह से कमेटी की रिपोर्ट और उस पर निर्णय के लिए छत्तीसगढ़ सरकार की तरफ देख रहे हैं लेकिन हमारे सुस्त प्रशासन के अधिकारी भारत भ्रमण कर रहे हैं। सरकार की इस सुस्त कार्यप्रणाली से सभी के मन में आक्रोश सोशल मीडिया के माध्यम से किसी से छिपा नहीं है।
सरकार के ढुलमुल रवैये से आज हर शिक्षाकर्मी आक्रोशित है। इस लिए महापंचायत में पहुंच कर उस आक्रोश को व्यक्त करने का उचित समय आ गया है। मनोज वर्मा ने जिले के शिक्षाकर्मियों से आह्वान किया है कि हम सब मिलकर यह दिखा दें कि इस गर्मी में इतनी तपिश नहीं है कि शिक्षाकर्मियों के हौसले को तोड़ सके।