
अंबिकापुर. सूरजपुर जिले के चंदौरा थाना क्षेत्र में 15 दिन पूर्व आवारा कुत्ते ने होटल में काम कर रही महिला के पैर में काट (Dog bite) लिया था। परिजन घटना के तीसरे दिन प्रतापपुर अस्पताल ले गए। जहां डॉक्टर ने उसे 2 एंटी रेबीज इंजेक्शन लगाया और 5 से 6 दिन बाद पुन: आने के लिए कहा। परिजन दुबारा इलाज कराने के बजाए गांव में ही उसका झाडफ़ूंक कराने लगे। इस बीच उसकी तबियत अचानक बिगड़ गई और उसे इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया। यहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। महिला की मौत से उसके परिजनों में मातम पसर गया है।
सूरजपुर जिले के चंदौरा थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम नवाधकी निवासी लोहारी कोड़ाकू पति पुरूषोत्तम कोड़ाकू उम 45 वर्ष गांव में ही एक होटल में काम करती थी। 15 दिन पूर्व काम करने के दौरान उसके पैर में एक आवारा कुत्ते (Stray dog bite) ने काट लिया था। उसने घर आकर अपने परिजनों से पूरी बात बताई। मामले को हल्के में लेकर परिजन उसे तत्काल इलाज के लिए अस्पताल नहीं ले गए।
घटना के तीसरे दिन उसे इलाज के लिए प्रतापपुर अस्पताल ले जाया गया। यहां डॉक्टर ने उसे एंटी रेबीज के 2 इंजेक्शन लगाए और कहा कि 5 से 6 दिन बाद फिर आकर इंजेक्शन लगवा लेना। लेकिन परिजन उसे दोबारा अस्पताल (Pratappur Hospital) ले जाने की बजाय गांव में ही जड़ी-बूटी से इलाज कराने लगे। वहीं वे महिला का झाड़-फूंक भी कराते रहे। जागरुकता के अभाव में महिला को मौत के मुंह में धकेला गया।
कुत्ते के काटने के बाद इलाज नहीं होने के कारण 3 दिन पूर्व महिला की तबियत अचानक बिगड़ गई। बुखार व पूरे शरीर में तेज दर्द शुरू हो गया। यह देख परिजन शनिवार को उसे प्रतापपुर अस्पताल ले गए। यहां डॉक्टरों ने उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसे अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल (Ambikapur Medical college hospital) के लिए रेफर कर दिया।
फिर आनन-फानन में उसे अंबिकापुर लाकर भर्ती कराया गया। यहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। महिला की मौत के बाद परिजन खुद को कोस रहे हैं कि उन्हें अस्पताल में ही उसका इलाज कराना चाहिए था।