पुलवामा हमले के बाद पहली बार हुई भारत-अमरीका के बीच उच्‍चस्‍तरीय बैठक आतंकवाद के खिलाफ ठोस कार्रवाई को लेकर दोनों देश सहमत आतंक के खिलाफ ठोस एक्‍शन चाहते हैं माइक पोम्पियो और विजय गोखले
नई दिल्ली। पुलवामा आतंकी हमले के बाद पहली बार भारतीय विदेश सचिव विजय गोखले और अमरीकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो के बीच बातचीत हुई। बैठक में विदेश नीति और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई। बता दें कि सामरिक पहलुओं सहित अन्य मुद्दों को लेकर विदेश सचिव गोखले इन दिनों अमरीका दौरे पर हैं। तीन दिवसीय दौरे के दौरान गोखले अमरीकी प्रशासन और कांग्रेस के वरिष्ठ अधिकारियों से भी मुलाकात करेंगे।
आतंकियों को पनाह देना बंद करे पाक
दोनों देशों के उच्च अधिकारियों के बीच हुई बैठक में अमरीका ने आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में एक बार फिर भारत का खुलकर साथ देने का वादा किया है। शीर्ष स्तर के अधिकारियों के बीच हुई बैठक में दोनों पक्ष इस बात पर सहमत हुए कि पाकिस्तान आतंकवाद के खिलाफ ठोस कार्रवाई करे। पाकिस्तान अपनी जमीन पर आतंकी संगठनों को पनाह देना बंद करे। दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडल इस बात पर सहमत हुए कि जो लोग या देश किसी भी रूप में आतंकवाद का समर्थन करते हैं उन्हें इन घटनाओं के लिए जवाबदेह ठहराया जाए।
आतंकवाद के हर फार्मेट का खत्मा जरूरी
विदेश सचिव गोखले ने पुलवामा हमले के बाद भारत को अमरीका से मिले समर्थन को लेकर ट्रंप सरकार और पोम्पियो की तारीफ की। बातचीत में पोम्पियो ने गोखले से कहा कि अमरीका पाकिस्तान समर्थित आतंकवाद के बारे में भारत की चिंताओं को समझने की कोशिश करेगा। अमरीका आतंक के हर फार्मेट का सामना करने में भारत का साथ देने की बात कही है। उन्होंने कहा कि आतंकवाद को खत्म करना अमरीका की पहली प्राथमिकता है।