अमेठी के जगदीशपुर कोतवाली क्षेत्र के मऊ अतवारा में भी सन्नाटा पसरा हुआ है।
अमेठी. बागपत जेल में माफिया डॉन मुन्ना बजरंगी की हत्या से पूरे पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया है। वहीं मामले में सियासत भी गर्माती जा रही है। इसी के साथ अमेठी के जगदीशपुर कोतवाली क्षेत्र के मऊ अतवारा में भी सन्नाटा पसरा हुआ है। दरअसल यहां मुन्ना बजरंगी की ससुराल है। आज से 20 साल पहले मुन्ना बजरंगी की शादी इस गांव के ब्रम्हपाल सिंह की बेटी सीमा सिंह उर्फ गुड़िया से हुई थी।
ऐसे हुआ था दोनों में प्यार-
सीमा सिंह इलाहाबाद में पढ़ाई कर रही तभी वो मुन्ना बजरंगी के संपर्क में आई और देखते ही देखते दोनों में प्यार हो गया। घरवाले शादी के लिए तैयार नहीं हुए तो आखिरकार दोनों ने घरवालों को बिना बताए हरिद्वार में वैदिक रीति-रिवाजों के अनुसार विवाह कर लिया। ग्रामीणों के अनुसार पहले तो सीमा के परिजनों ने यह रिश्ता नहीं स्वीकार किया, लेकिन बाद में उन लोगों ने मुन्ना बजरंगी को अपना लिया।
मुन्ना के काम में जुड़े सीमा के भाई-
इसी के बाद कहा जाता है कि सीमा के भाई भी मुन्ना बजरंगी के धंधे में शामिल हो गए। जब मन्ना जेल में बंद था तो सारा काम उसकी पत्नी का भाई पुष्पजीत सिंह देखता था। वहीं सीमा का दूसरा भाई व पूर्व जिला पंचायत सदस्य सत्यजीत सिंह जगदीशपुर के रानीगंज में साल 1999 में हुए दोहरे हत्याकांड में नामजद हुआ था। बीते वर्ष लखनऊ के विकासनगर में हुए गैंगवार में पुष्पजीत की हत्या कर दी गई थी।
अपने सालों पर बनाता था रंगदारी वसूलने का दबाव-
सीमा के दो अन्य भाई अपराध की दुनिया से दूर बताए जाते हैं। कहा जाता है मुन्ना बजरंगी अपने सालों पर आसपास के जिलों में रंगदारी वसूलने का दबाव बनाता था, जिसकी वजह से ससुराल से उसके रिश्तों में खटास आने लगी थी। मुन्ना बजरंगी ने विधानसभा चुनाव 2017 में अपनी पत्नी सीमा सिंह को मड़ि याहूं विधानसभा सीट से निर्दलीय चुनाव भी लड़वाया था, लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा।