
Andhra Pradesh Teacher Recruitment: आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने मेगा DSC-2025 शिक्षक भर्ती में भ्रष्टाचार और अनियमितता के आरोपों को खारिज किया है। बता दें कि सोमवार को कुप्पम में एक जनसभा को संबोधित करते हुए नायडू ने कहा कि शिक्षक भर्ती की प्रक्रिया में गड़बड़ी की कोई गुंजाइश नहीं थी। उन्होंने दावा किया कि उनके कार्यकाल में हुई DSC और APPSC भर्तियों में पेपर लीक या चयन प्रक्रिया में हेरफेर की घटनाएं नहीं हुईं।
नायडू ने कहा कि तेलुगु देशम पार्टी का शिक्षक भर्ती से पुराना संबंध रहा है और उनकी सरकार अब तक 14 बार DSC भर्ती करा चुकी है। उन्होंने कहा कि 2024 के बाद सरकार ने मेगा DSC भर्ती के जरिए करीब 16 हजार शिक्षकों की नियुक्ति की है। मेगा DSC-2025 में 16,347 शिक्षक पदों पर भर्ती के लिए 3.36 लाख से ज्यादा आवेदन प्राप्त हुए थे। सरकार के मुताबिक भर्ती प्रक्रिया पूरी होने के बाद 15,941 अभ्यर्थियों को नियुक्ति आदेश दिए गए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भर्ती प्रक्रिया को रोकने के लिए बड़ी संख्या में कानूनी याचिकाएं दायर की गई थीं। उन्होंने दावा किया कि सरकार ने अदालतों में सभी आरोपों और आपत्तियों का जवाब दिया और भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाया। नायडू ने विपक्ष पर भर्ती को लेकर गलत प्रचार करने का भी आरोप लगाया।
इस भर्ती को लेकर YSR कांग्रेस पार्टी लगातार सवाल उठा रही है। पार्टी ने मेगा DSC-2025 में कथित अनियमितताओं की जांच के लिए CBI जांच की मांग की है। पूर्व मुख्यमंत्री और YSRCP अध्यक्ष वाईएस जगन मोहन रेड्डी ने पेपर लीक, मेरिट में हेरफेर और स्पोर्ट्स कोटा में कथित गड़बड़ियों के आरोप लगाए हैं। हालांकि, आंध्र प्रदेश सरकार इन आरोपों को खारिज करती रही है और भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी तथा नियमों के मुताबिक बताती है।
शिक्षक भर्ती में स्पोर्ट्स कोटा के तहत हुई नियुक्तियां भी विवाद का केंद्र बनी हुई हैं। YSRCP का आरोप है कि कुछ ऐसे उम्मीदवारों को नियुक्ति मिली जिनके खेल प्रमाणपत्रों पर सवाल उठे हैं। वहीं सरकार का कहना है कि प्रमाणपत्रों और पात्रता की जांच की गई है। सोमवार को विजयवाड़ा में YSRCP ने स्पोर्ट्स कोटा शिक्षक भर्ती में कथित अनियमितताओं के खिलाफ प्रदर्शन किया। इसी दौरान स्पोर्ट्स कोटा से नियुक्त शिक्षक भी मौके पर पहुंच गए और दोनों पक्षों के बीच तनाव की स्थिति बन गई। YSRCP ने CBI जांच की मांग दोहराई, जबकि सरकार ने विपक्ष के आरोपों को खारिज किया।
नायडू ने शिक्षकों और उनके स्पोर्ट्स प्रमाणपत्रों को फर्जी बताए जाने का भी विरोध किया। उन्होंने कहा कि इस तरह के आरोपों से शिक्षक नाराज हैं और अलग-अलग शहरों में विरोध कर रहे हैं। दूसरी ओर, राज्य सरकार ने कहा है कि यदि किसी उम्मीदवार का प्रमाणपत्र फर्जी या पात्रता नियमों के खिलाफ पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।