चीन सरकार ने भ्रष्टाचारी अधिकारियों पर लगाम लगाने के कड़ा रुख अपनाया है। इसके लिए एक वेबसाइट लांच की गई है।
बीजिंगः चीन में अब भ्रष्ट अफसरों और जासूसों की खैर नहीं है। इसके लिए चीन ने एक वेबसाइट लांच की है। www.12339.gov.cn यूआरएल वाली यह वेबसाइट अंग्रेजी और मंडारिन भाषा में लांच की गई है। इसके माध्यम से जो भ्रष्ट अफसरों और विदेशी जासूसों की जानकारी देगा चीनी सरकार उसे पुरस्कार भी देगी। इस साइट पर यह नहीं बताया गया है कि जानकारी देने वाले को कितना ईनाम दिया जाएगा। हालांकि, 1500 से 73000 डॉलर तक पुरस्कार देने की बात कही जा रही है।
विद्रोहियों पर होगी कार्रवाई
इस वेबसाइट का मकसद देश विरोधी गतिविधियों में लिप्त लोगों पर कार्रवाई करना है। चीनी अधिकारियों का कहना है कि इसके माध्यम से अलगाववाद को बढ़ावा देने वाले या फिर दंगा फैलाने वालों पर लगाम लगाने में मदद मिलेगी। चीनी अधिकारी इस वेबसाइट को बड़ी उपलब्धि बता रहे हैं। राष्ट्रीय सुरक्षा मंत्रालय की तरफ से लांच की गई इस वेबसाइट पर लोग आकर सरकार को देश विरोधी गतिविधियों में शामिल लोगों की जानकारी दे सकते हैं।
विरोधियों की आवाज बंद करने की कोशिश
दरअसल समय-समय पर चीन सरकार के खिलाफ आवाज उठती रही हैं। ऐसा माना जा रहा है कि भ्रष्ट अधिकारियों और जासूसों के साथ-साथ चीन देश विरोधी लोगों पर नजर रख रही है। अक्सर सरकार के खिलाफ आवाज उठाने वाले लोग किसी न किसी तरह से बच निकलने में कामयाब हो जाते थे। लेकिन चीन मान रहा है कि इस वेबसाइट के माध्यम से सरकार विरोधी लोगों पर भी नजर रखी जा सकेगी।
शी जिनपिंग को विरोध पसंद नहीं
चीन के राष्ट्रपति को अपने खिलाफ विरोध पसंद नहीं है। अक्सर तिब्बती नागरिक चीनी सरकार का खुलकर विरोध करते रहते हैं। इसके अलावा शी जिनपिंग के विरोध में भी कुछ लोग समय-समय पर सामने आते रहे हैं। चीन की सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी अपने विरोधियों पर दमनकारी नीति अपनाती है। जानकार इस वेबसाइट को विरोधियों की आवाज दबाने की नजर से भी देख रहे हैं।